बड़ी खबर: वंदे भारत मिशन पर अमेरिका के बाद यूएई ने जताई आपत्ति, जानें वजह

विदेशों में रह रहे भारतीय नागरिकों को वापस लाने के लिए भारत सरकार द्वारा चलाए जा रहे वंदे भारत मिशन पर अब यूएई ने आपत्ति जाहिर की है. यूएई ने इस मिशन को भेदभावपूर्ण करार दिया है. इससे पहले अमेरिका भी ऐसी ही आपत्ति दर्ज करा चुका है.

कुछ रोज पहले अमेरिका ने कहा था कि एअर इंडिया वंदे भारत मिशन के तहत खुद उड़ान भर रहा है, लेकिन अमेरिकी विमान कंपनियों के चार्टर्ड विमानों को भारत-अमेरिका मार्ग पर परिचालन की अनुमति नहीं दे रहा है. अमेरिका ने 22 जुलाई से वंदे भारत मिशन के तहत उड़ानों पर प्रतिबंध लगा दिया है. अब यूएई ने भी कुछ ऐसे ही आरोप लगाते हुए एअर इंडिया की उड़ानों पर रोक.

यूएई ने क्या कहा

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, यूएई ने एअर इंडिया की सभी फ्लाइट्स को प्रतिबंधित कर दिया है, यहां तक कि उन उड़ानों को भी जिनमें यूएई के नागरिक भारत से अपने देश जाने वाले थे. यूएई की तरफ से कहा गया है कि वंदे भारत मिशन के तहत यहां आने के लिए हर व्यक्ति को नई दिल्ली स्थित हमारे दूतावास से स्वीकृति लेनी होगी. गौरतलब है कि वर्तमान में एयर इंडिया यूएई सरकार से भारतीय नागरिकों को स्वदेश लाने के लिए इंडिया-यूएई रूट पर उड़ानों की अनुमति मांग रहा है. वंदे भारत मिशन की शुरुआत बीती 6 मई से हुई.


अमेरिका ने क्या कहा था
अमेरिका के परिवहन विभाग (डीओटी) के आधिकारिक बयान में कहा गया था कि एअर इंडिया के किसी भी चार्टर्ड विमान को भारत-अमेरिका मार्ग पर 22 जुलाई से तब तक उड़ान की मंजूरी नहीं दी जाएगी जब तक विभाग खास तौर पर इसकी मंजूरी नहीं दे देता.

डीओटी ने अपने आदेश में कहा कि वह यह कदम उठा रहे हैं क्योंकि भारत सरकार ने अमेरिकी विमानों के परिचालन अधिकार को बाधित कर दिया है और वह अमेरिकी विमानों के साथ भेदभावपूर्ण और प्रतिबंधात्मक रवैया अपना रही है. बता दें कि भारत में कोरोना वायरस महामारी के मद्देनजर 25 मार्च से सभी तय अंतरराष्ट्रीय उड़ानों को रद्द कर दिया गया है.