‘फायदेमंद रहा लॉकडाउन, 3 अप्रैल के बाद घटी कोरोना के मरीजों की वृद्धि दर’

देश में कोरोना वायरस संक्रमण के मामले 1 लाख का आंकड़ा पार कर चुके हैं. देश में इसके प्रसार को रोकने के लिए 31 मई तक लॉकडाउन घोषित किया गया है. अब इस लॉकडाउन और कोरोना वायरस को लेकर एक राहत भरी खबर आई है.

केंद्र सरकार द्वारा कोविड 19 महामारी से निपटने के लिए गठित किए गए सशक्‍त समूह संख्‍या 1 के चेयरमैन वीके पॉल ने जानकारी दी है कि लॉकडाउन देश के लिए फायदेमंद रहा. लॉकडाउन के कारण देश में कोविड 19 के मामलों की वृद्धि दर में 3 अप्रैल के बाद से बड़ी कमी आई है.


वीके पॉल ने जानकारी दी कि लॉकडाउन लगाने के कारण देश में 3 अप्रैल के बाद से कोविड 19 संक्रमण के मामलों की वृद्धि दर में गिरावट दर्ज की गई है. लॉकडाउन के कारण देश में कोरोना वायरस के मामले उतनी तेजी से नहीं बढ़ पाए, जितना लॉकडाउन ना होने से बढ़ते.


उन्‍होंने कहा कि अगर लॉकडाउन न लगाया गया होता तो देश में कोविड 19 के मामलों की संख्‍या कहीं अधिक होती. वीके पॉल ने जानकारी दी कि देश में लॉकडाउन के कारण कोविड 19 के मामलों के साथ ही इससे होने वाली मौतों की वृद्धि दर में भी गिरावट आई है.


बता दें कि भारत में कोरोना वायरस संक्रमण के मामले शुक्रवार को 1,18,447 हो गए हैं. इसके साथ ही देश में अब तक इससे 3583 लोगों की मौत हो चुकी है. वहीं 48,534 लोग संक्रमण को मात दे चुके हैं. अब देश में कोविड 19 के सक्रिय मामलों की संख्‍या 66330 है.