उत्तराखंड की दीपा शाह की यह बात सुनते ही भावुक हुए पीएम मोदी, देखिए वीडियो

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए देशभर के जन औषधि केन्‍द्रों के संचालकों व लाभार्थियों से बातचीत की. इस दौरान एक लम्हा ऐसा भी आया जब प्रधानमंत्री मोदी भावुक हो गए और उनके आंसू निकल आए. दरअसल एक बुजुर्ग महिला ने जन औषधि केंद्रों से मिले फायदे का जिक्र करते हुए पीएम मोदी की तुलना भगवान से कर दी और कहा, ‘मैंने भगवान को तो नहीं देखा, लेकिन मैंने मोदी जी को देखा है.’ इतना कहकर महिला रोने लगी.

दौरान उत्तराखंड की रहने वाली दीपा शाह ने कहा मैं बोल नहीं पाती थी, मेरा अस्पताल में इलाज चलता था और दवाइयां बहुत महंगी आती थी क्योंकि मेरे पति भी विकलागं हैं, घर चलाना बहुत मुश्किल हो गया था. आपके द्वारा जनऔषधि दवाइयां मिली. मैंने खाना शुरू किया. मेरी दवा खरीदने में 5000 रुपये खर्च हो जाते थे. लेकिन जबसे जन औषधि से दवाएं लेनी शुरू की, उसका दवाओं का खर्चा 1500 हो गया. मैं अब बाकी बचे पैसों से घर चलाती हूं और फल खरीदकर खाती हूं. मोदी जी मैंने ईश्वर को तो नहीं देखा है लेकिन मैंने ईश्वर के रूप में आपको देखा है. आपको बहुत-बहुत धन्यवाद.’

बुजुर्ग की बात सुनते ही पीएम मोदी भावुक हो गए. इससे पहले प्रधानमंत्री ने कहा कि देशभर में लगभग 6,000 जन औषधि केंद्रों ने दो हजार से ढाई हजार करोड़ रुपये की बचत करने में लोगों की मदद की है. उन्होंने कहा कि जन औषधि परियोजना से पहले की तुलना में इलाज पर खर्च बहुत कम हो रहा है. अभी तक पूरे देश में करोड़ों गरीब और मध्यम वर्ग के साथियों को 2000-2500 करोड़ रुपए की बचत जन औषधि केंद्रों के कारण हुई है.

पीएम मोदी ने कहा, ‘ये योजना सस्ती दवाओं के साथ-साथ आज दिव्यांगजनों सहित अनेक युवा साथियों के लिए आत्मविश्वास का बहुत बड़ा साधन भी बन रही है. हमें संतोष है कि जम्मू कश्मीर में जन औषधि परियोजना का बहुत लाभ हो रहा. नॉर्थ ईस्ट और अन्य पहाड़ी और आदिवासी क्षेत्रों में जन औषधि परियोजना को विस्तार भी देना है और वहां सभी दवाएं उपलब्ध हों, ये भी सुनिश्चित करना है.’

जन औषधि केंद्रों के फायदे गिनाते हुए पीएम मोदी ने कहा, ‘आज 1,000 से ज्यादा जरूरी दवाओं की कीमत नियंत्रित होने से करीब साढ़े 12 हजार करोड़ रुपये जनता के बचे हैं. करीब 90 लाख गरीब लोगों को आयुष्मान योजना के तहत लाभ मिला है प्रधानमंत्री जनऔषधि योजना का लाभ समाज के हर वर्ग को हुआ है. गरीब और मध्यम वर्ग को इसका लाभ मिला है. इसमें भी हमारी बेटियों-बहनों को विशेष लाभ हुआ है सरकार का प्रयास है कि देश में लोगों को मेडिकल सुविधा के लिए ज्यादा दूर न जाना पड़े.’