जरूरी हथियार खरीद सकती है सेना, फंड की कोई कमी नहीं : निर्मला सीतारमण

भारत की तीनों सेनाओं के लिए हथियारों की कमी और आधुनिकीकरण में पैसों की कमी पर संसद की रक्षा संबंधी स्थायी समिति ने जो सवाल उठाए थे, उसका जवाब रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण ने दिया है. रक्षा मंत्री ने कहा है कि सेनाओं के आधुनिकीकरण और जरूरी गोला बारूद खरीदने के लिए पैसे की कोई कमी नहीं है. सेनाओं को जरूरी हथियार और साजो सामान खरीदने के लिए तीनों सेनाओं के उप-सेना प्रमुखों को जरूरी वित्तीय ताकत दी गई है. जिससे वे अपने स्तर पर सेनाओं के लिए जरूरी हथियार और साजो-सामान तुरंत खरीद सकते हैं.

रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण ने यह भी कहा कि रक्षा संबंधी संसदीय समिति ने जो सवाल उठाए हैं, उनका वह अभी जवाब नहीं दे सकतीं, क्योंकि संसद का सत्र चल रहा है और उसका जवाब वह संसद में ही देंगी.

मंगलवार को लोकसभा में पेश संसद की रक्षा मामलों की स्थाई समिति की रिपोर्ट में सेनाओं में आधुनिकीकरण में पैसे की कमी लेकर गंभीर चिंता जताई थी. मेजर जनरल बीसी खंडूरी के नेतृत्व वाली रक्षा संबंधी स्थायी समिति के सामने उप-सेना प्रमुख गवर्नर लेफ्टिनेंट जनरल शरत चंद ने कहा कि 2018-19 के लिए सेना को जो पैसा दिया गया है वह उसकी मौजूदा जरूरतों को पूरा करने के लिए ही नाकाफी है. ऐसे में सेना का आधुनिकीकरण कैसे होगा.

रक्षा मंत्री ने यह बातें जाने-माने रक्षा जानकार ब्रिगेडियर गुरमीत कंवल की पुस्तक के लॉन्च के मौके पर कही. ब्रिगेडियर गुरमीत कमल की पुस्तक देश की परमाणु हथियारों की नीति पर आधारित है.