रालोद ने योगी-मोदी सरकार से मांगा इस्तीफा

राष्ट्रीय लोकदल (रालोद) ने कहा है कि केंद्र सरकार की किसान विरोधी नीतियों से त्रस्त केंद्र सरकार के दरवाजे पर अपनी फरियाद लेकर जा रहे उप्र के किसानों पर बर्बरतापूर्वक लाठीचार्ज कराकर सरकार ने यह सिद्ध कर दिया है कि वह किसान विरोधी है.

वहीं दूसरी ओर महात्मा गांधी एवं पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री के जन्मदिवस के शुभअवसर पर सरकार ने ऐसा कृत्य करके उनकी आत्मा को चोट पहुंचाई है.

पार्टी के प्रदेश कार्यालय में आयोजित प्रेसवार्ता में रालोद के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. मसूद अहमद ने केंद्र और प्रदेश सरकार से त्यागपत्र की मांग की है. उन्होंने कहा है कि शांतिपूर्ण ढंग से अपनी उचित मांगों को केंद्र सरकार के समक्ष रखने के लिए किसान यात्रा के रूप में सभी किसान दिल्ली जा रहे थे, लेकिन केंद्र की गूंगी-बहरी व किसान और नौजवान विरोधी सरकार ने लाठीचार्ज के रूप में अपना असली चेहरा दिखा दिया. किसानों की लड़ाई में रालोद कभी पीछे नहीं रहेगा.

उन्होंने कहा कि घटना की सूचना पाते ही राष्ट्रीय अध्यक्ष चौधरी अजित सिंह किसानों के बीच में पहुंच चुके हैं और उनके दुख-दर्द में शामिल होकर सड़क से संसद तक किसानों की लड़ाई लड़ने का वचन दिया है.

वार्ता से पहले मोदी सरकार का पुतला फूंकते हुए रालोद के पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने केंद्र और प्रदेश सरकार विरोधी नारे लगाए.