2005 नेवी वॉर रूम लीक मामला : सीबीआई अदालत ने रिटायर्ड कैप्टन को सुनाई सात साल की सजा

बुधवार को 2005 के नौसेना के वॉर रूम लीक मामले में सीबीआई की विशेष अदालत ने कैप्टन (सेवानिवृत) सलाम सिंह राठौर को सात साल की सजा सुनाई है. जबकि इस मामले में अन्य दोषी कमांडर (सेवानिवृत्त) जर्नल सिंह कालरा को बरी कर दिया गया है.

इस मामले की सुनवाई करते हुए आधिकारिक रहस्य अधिनियम 1923 की धारा 3(1) के तहत सलाम सिंह राठौर को दोषी माना है और उन्हें सात साल की सजा सुनाई है. सीबीआई की विशेष अदालत ने इसे राष्ट्रीय अपराध करार देते हुए सलाम सिंह राठौर पर कार्रवाई की है.

आपको बात दें यह मामला 2005 में नौसेना के वॉर रूम से 7,000 से अधिक पन्नों की सेना की रहस्यात्मक जानकारी को लीक करने के मामले में बुधवार को सलाम सिंह राठौर को सजा सुनाई गई है. इस मामले में सलाम सिंह राठौर को दोषी माना गया है. इन पर आरोप था की इन्होंने यह दस्तावेज किसी अन्य अधिकारी के साथ साझा किया थे. इस मामले की सुनवाई सीबीआई के विशेष जज एस के अग्रवाल की खंडपीठ में की गई है.