भय्यूजी महाराज का पार्थिव शरीर पंचतत्व में विलीन, बेटी ने दी मुखाग्नि 

आध्यात्मिक गुरु भय्यूजी महाराज (उदय राव देशमुख) का बुधवार को मुक्तिधाम में अंतिम संस्कार कर दिया गया. भय्यूजी की बेटी कुहू ने उन्हें मुखाग्नि दी. भय्यूजी महाराज ने पारिवारिक तनाव के चलते मंगलवार को खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली थी.

भय्यूजी महाराज का पार्थिव शरीर बुधवार सुबह सिल्वर स्प्रिंग इलाके में स्थित उनके आवास से सूर्योदय आश्रम ले जाया गया, जहां उनके अनुयायियों ने उन्हें श्रद्घांजलि दी. भय्यूजी को केंद्रीय मंत्री रामदास आठवले, महाराष्ट्र की मंत्री पंकजा मुंडे सहित कई प्रमुख लोगों ने श्रद्घांजलि दी.

भय्यूजी महाराज की अंतिम यात्रा सूर्योदय आश्रम से शुरू हुई. पार्थिव शरीर को एक खुले ट्रक में रखा गया था, जिसे पुष्पों से सजाया गया था. कई स्थानों पर अनुयायियों ने मंच बनाकर अपने गुरु को अंतिम विदाई दी. मुक्तिधाम में भय्यूजी के पार्थिव शरीर को उनकी बेटी कुहू ने मुखाग्नि दी.

ज्ञात हो कि भय्यूजी ने मंगलवार को अपने आवास पर खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली थी. मौके से मिले सुसाइड नोट में उन्होंने तनाव के कारण यह कदम उठाने का जिक्र किया था.

भय्यूजी की आत्महत्या के बाद जो बातें खुलकर सामने आ रही हैं, उसके अनुसार भय्यूजी के बेटी कुहू और दूसरी पत्नी डॉ. आयुषी के बीच बहुत गहरे मतभेद थे. इसे लेकर कई बार भय्यूजी का अपनी दूसरी पत्नी से विवाद भी हो चुका था. बेटी भी इस हादसे के लिए डॉ. आयुषी को जिम्मेदार ठहरा रही है.