पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की हालत स्थिर, एम्स ने जारी किया मेडिकल बुलेटिन

पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी मंगलवार को दूसरे दिन भी यहां अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) में भर्ती है. उनका यूरिन में संक्रमण का इलाज चल रहा है और हालत स्थिर बताई जा रही है. संस्थान के निदेशक डॉ. रणदीप गुलेरिया की देखरेख में चार विभागों के डॉक्टर उनका इलाज कर रहे हैं.अस्पताल प्रशासन का कहना है कि उनकी हालत स्थिर है.

वाजपेयी (93) को सोमवार को स्वास्थ्य परीक्षण के लिए एम्स में भर्ती कराया गया. इसके बाद उनका हालचाल लेने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के अध्यक्ष अमित शाह और कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी सहित कई बड़े नेता अस्पताल पहुंचे.

एम्स की मीडिया और प्रोटोकॉल डिविजन की अध्यक्ष आरती विज ने कहा, “वाजपेयी को एम्स में जांच व परीक्षण के लिए भर्ती कराया गया था. उन्हें यूरीनरी संक्रमण होने का पता चला है, जिसके लिए डॉक्टरों की एक टीम की निगरानी में उचित उपचार किया जा रहा है.”

एम्स के निदेशक रणदीप गुलेरिया की निगरानी में वरिष्ठ चिकित्सकों की एक टीम वाजपेयी का परीक्षण कर रही है. भाजपा ने सोमवार को बयान में कहा, “चिकित्सकों की सलाह के अनुसार, वाजपेयीजी को एम्स में नियमित स्वास्थ्य जांच और परीक्षण के लिए भर्ती कराया गया है.”

मोदी ने सोमवार शाम को वाजपेयी से मुलाकात की और अपने परिवार से बातचीत की. उन्होंने चिकित्सकों से बात की और वाजपेयी के स्वास्थ्य के बारे में पूछताछ की. मोदी करीब 50 मिनट तक एम्स में रूके. वाजपेयी के स्वास्थ्य का हालचाल लेने के लिए सबसे पहले राहुल गांधी अस्पताल गए. फिर स्वास्थ्य मंत्री जे. पी. नड्डा, अमित शाह और मोदी अस्पताल पहुंचे.

मंगलवार को उपराष्ट्रपति एम. वेंकैया नायडू ने वाजपेयी के स्वास्थ्य का हालचाल लिया. वाजपेयी 1996 में महज कुछ दिनों के लिए प्रधानमंत्री पद पर रहे और फिर 1998 से 2004 तक प्रधानमंत्री रहे. खराब स्वास्थ्य के चलते वह करीब एक दशक से ज्यादा समय से सक्रिय राजनीति से दूर हैं.

एम्स द्वारा जारी पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की प्रेस रिलीज