भारत में जिन्ना का महिमामंडन बर्दाश्त नहीं : सीएम योगी

अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी (एएमयू) में मोहम्मद अली जिन्ना की तस्वीर पर विवाद को लेकर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कड़ा बयान दिया है. उन्होंने कहा कि जिन्ना ने हमारे देश का बंटवारा किया, भारत में जिन्ना का महिमामंडन बर्दाश्त नहीं किया जा सकता. बताते चलें की योगी आदित्यनाथ आज कर्नाटक में चुनाव प्रचार करेंगे, उसी दौरान एक न्यूज़ चैनल से खास बातचीत करते हुए उन्होंने ये बातें कहीं.

सीएम योगी ने कहा कि उन्होंने AMU मामले में जांच के आदेश दिए हैं, जल्द ही उन्हें इसकी रिपोर्ट भी मिल जाएगी. जैसे ही रिपोर्ट मिलेगी, वह इस मामले में एक्शन लेंगे. इससे पहले, बुधवार को जिन्ना की फोटो पर चल रहा विवाद और ज्यादा गर्मा गया. दोपहर में हिंदू जागरण मंच और एबीवीपी के कार्यकर्ताओं और छात्रों ने एएमयू इंतजामिया का पुतला फूंका, फिर परिसर में घुसकर सुरक्षा बल के जवानों से मारपीट की. ये जब थाना सिविल लाइंस की ओर कूच करने लगेतो पुलिस ने छात्रों पर लाठीचार्ज कर दिया. आंसू गैस के गोले दागे और रबर बुलेट भी चलाईं. इसमें एक दर्जन से अधिक छात्रों के घायल होने की खबर है. हालांकि पुलिस ने रबर बुलेट चलाने से इंकार किया है. उधर लाठीचार्ज के विरोध में छात्र एएमयू के मुख्य गेट (बाब-ए-सैयद गेट) पर धरने पर बैठ गए.

एएमयू के यूनियन हॉल में मो. अली जिन्ना की तस्वीर को लेकर पिछले दो दिनों से माहौल गरमाया हुआ है. जिन्ना की तस्वीर हटाने की मांग को लेकर दोपहर करीब 1:30 बजे हिन्दू जागरण मंच और अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के आधा दर्जन कार्यकर्ता सर्किल पर जा पहुंचे और एएमयू इंतजामिया का पुतला फूंका. तभी एएमयू के सुरक्षा कर्मियों ने कार्यकर्ताओं को दबोच लिया और एएमयू परिसर में ले गए. आरोप है कि वहां पर कार्यकर्ताओं के साथ अभद्रता की गई. इसके बाद पुलिस ने सभी को थाना सिविल लाइंस ले जाकर छोड़ दिया.

इस घटना की जानकारी जैसे ही अन्य कार्यकर्ताओं को हुई तो वे भी थाना सिविल लाइंस पहुंच गए. इसके बाद करीब डेढ़ दर्जन कार्यकर्ता थाने से सीधे एएमयू पहुंचे. वहां पर सुरक्षा कर्मी ने रोकने की कोशिश की तो उससे मारपीट कर दी. दूसरी ओर एएमयू छात्र संघ के पदाधिकारी और अन्य छात्र भी आ गए. एक तरफ एएमयू छात्रों ने मोर्चा संभाल लिया तो दूसरी ओर हिंजाम और एवीबीपी कार्यकर्ता डट गए.

इस दौरान भारी पुलिस फोर्स भी पहुंच गया और विद्यार्थी परिषद तथा हिंजाम के कार्यकर्ताओं को पुलिस थाने ले गई. वहां पर ये कार्यकर्ता एएमयू छात्रों के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर धरने पर बैठ गए.

दूसरी ओर एएमयू छात्र संघ अध्यक्ष मशकूर अहमद उस्मानी ने चेतावनी दे दी कि पुतला फूंकने और सुरक्षा कर्मी से मारपीट करने वाले आरोपी यदि 30 मिनट के अंदर गिरफ्तार नहीं किए तो वह गिरफ्तारी देंगे. जैसे ही शाम करीब चार बजे समय सीमा खत्म हुई तो एएमयू छात्रों ने गिरफ्तारी देने के लिए थाना सिविल लाइंस की ओर कूच कर दिया. छात्र एएमयू सर्किल से निकल कर लाल डिग्गी के मुख्य गेट के सामने आए पहुंचे तो पुलिस ने उन्हें रोकने की कोशिश की. आरोप है कि एसपी क्राइम और आरएएफ कमांडेंट के साथ अभद्रता कर अन्य पुलिस अधिकारियों को भी यहां धक्का दे दिया. इसके बाद पुलिस छात्रों पर टूट पड़ी और दौड़ा-दौड़ा कर छात्रों को पीटा. आरोप है कि छात्रों पर रबर बुलेट भी चलाईं.

हिदू युवा वाहिनी के महानगर उपाध्यक्ष आदित्य पंडित ने चेताया है कि अगर एएमयू 48 घंटे के भीतर जिन्ना की तस्वीर नहीं उतरवाता तो वह वाहिनी कार्यकर्ताओं के साथ जाकर तस्वीर उतारेंगे. यह चेतावनी इस मामले में अहम है, क्योंकि वाहिनी के संरक्षक मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ही हैं. वहीं, वाहिनी के प्रदेश अध्यक्ष राकेश राय ने कहा कि आदित्य पंडित को एक साल पहले ही संगठन से निष्कासित किया जा चुका है.