राज्यसभा में विपक्ष का हंगामा, कार्यवाही दिन भर के लिए स्थगित

राज्यसभा में सोमवार को भी विपक्षी पार्टियों ने अपनी मांगों को लेकर जोरदार हंगामा किया. बार-बार आग्रह करने पर भी हंगामा जारी रहने के कारण सभापति ने सदन की कार्यवाही दिन भर के लिए स्थगित कर दी.

सुबह जैसे ही सदन की कार्यवाही शुरू हुई अन्नाद्रमुक (एआईएडीएमके), तेलुगू देशम पार्टी (टीडीपी) व अन्य विपक्षी पार्टियों के सदस्य नारेबाजी करते हुए और हाथों में तख्तियां थामे सभापति के आसन के पास एकत्र हो गए.

हंगामे के बीच दस्तावेज सदन के पटल पर रखे गए. विपक्ष के नेता गुलाम नबी आजादी ने कहा कि बैंक धोखाधड़ी, दलितों व अल्पसंख्यकों से जुड़े बहुत से मुद्दे हैं, जिन पर चर्चा की जरूरत है.

सभापति एम. वेंकैया नायडू ने उत्तेजित सदस्यों से व्यवस्था बनाए रखने का अनुरोध किया. नायडू ने कहा कि वह हर पार्टी को अपना मुद्दा उठाने की इजाजत देने के लिए तैयार है, लेकिन सदस्य ने हंगामा जारी रखा.

उन्होंने कहा, “पूरा देश आपको देख रहा है. इस तरह से आप कुछ भी हासिल नहीं कर सकते. आप लोकतंत्र का मजाक उड़ा रहे हैं. आसन सभी मुद्दों पर चर्चा के लिए तैयार है.”

संसदीय कार्य राज्य मंत्री विजय गोयल ने हंगामा कर रहे सांसदों से सदन की कार्यवाही में व्यवधान न डालने की अपील की ताकि तीन तलाक व मोटर वाहन संशोधन विधेयक समेत महत्वपूर्ण लंबित विधेयकों पर चर्चा की जा सके.

उन्होंने कहा, “मैं यह समझ नहीं पा रहा हूं कि जब सरकार व सभापति उनके मुद्दों पर चर्चा के लिए तैयार हैं तो वे कार्यवाही को क्यों बाधित कर रहे हैं. वे अपने राज्यों के छोटे मुद्दों को लेकर सदन को बाधित कर रहे हैं. हमारे पास विधेयकों की लंबी सूची है, जिसे सदन के मंजूरी की जरूरत है. मैं आप सभी से सदन को काम करने देने की अपील करता हूं.” हंगामा जारी रहने के कारण नायडू ने सदन को दिन भर के लिए स्थगित कर दिया.