त्रिपुरा से केरल पहुची मूर्ति तोड़ो राजनीति, तोड़ी महात्मा गांधी की प्रतिमा

देश भर में मूर्ति तोड़े जाने के चल पड़े सिलसिले के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नाराजगी जाहिर की है. उन्होंने इस मामले में गृह मंत्रालय से भी बात की है और कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं. गृहमंत्रालय ने सभी राज्यों में एडवाइजरी जारी की है.

गृहमंत्रालय की तरफ से जारी एडवाइजरी में सभी राज्यों को निर्देश दिए गए हैं कि इस तरह की घटनाओं पर जरूरी कार्रवाई की जाएं. आरोपियों के खिलाफ सख्त से सख्त कदम उठाए जाएं. पूर्वोत्तर राज्यों में चुनाव नतीजों के बाद देश के कई राज्यों से मूर्तियां तोड़ी जाने की घटनाएं सामने आ रही हैं।

केरल के कन्नूर क्षेत्र में थालीपराम्बा में महात्मा गांधी की मूर्ति पर अज्ञात लोगों ने हमला कर दिया है. मूर्ति के चश्मे को तोड़ दिया गया है. मूर्ति तोड़े जाने का पहला सिलसिला त्रिपुरा से सामने आया था. यहां लेनिन की मूर्ति को बुलडोजर से ढहा दिया गया था.

इसके बाद तमिलनाडु में हथौड़े की मदद से पेरियार की मूर्ति क्षतिग्रस्त कर दी गई. उसके बाद दक्षिण कोलकाता में श्यामा प्रसाद मुखर्जी की मूर्ति पर काली स्याही फेंके जाने की घटना सामने आई थी.
तमिलनाडु के वेल्लोर जिले में मंगलवार रात को त्रिपट्टुर कोर्पोरेशन के ऑफिस में रखी हुई पेरियार की मूर्ति को तोड़ने की कोशिश की गई थी.घटना के बाद पुलिस ने दो लोगों को गिरफ्तार किया था.

पुलिस ने जिन दो लोगों को गिरफ्तार किया है उनमें से एक का संबंध भाजपा से बताया जा रहा है. मेरठ में संविधान निर्माता भीम राव अंबेडकर की मूर्ति तोड़ने की घटना सामने आई थी.यहां मवाना क्षेत्र के एक गांव में अंबेडकर की मूर्ति तोड़कर हिंसा फैलाने की कोशिश की गई.असामाजिक तत्वों द्वारा मूर्ति खंडित करने की सूचना मिलते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया था.

उधर, दलितों में भी इसको लेकर आक्रोश पैदा हो गया था. बताया गया कि करीब छह महीने पहले भी इसी मूर्ति को तोड़कर हिंसा फैलाने की कोशिश की गई थी. हालांकि उस दौरान भी पुलिस ने लोगों को समझाकर मामला शांत करा दिया था।