श्रीश्री रविशंकर राम मंदिर मामले में हस्तक्षेप न करें : अखाड़ा परिषद

अखाड़ा परिषद ने श्रीश्री रविशंकर को राम मंदिर मामले में हस्तक्षेप न करने की सलाह दी है. परिषद के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्रीमहंत नरेंद्र गिरी ने कहा है कि श्रीश्री रविशंकर मीडिया में सुर्खिया बटोरने के लिए ही राम मंदिर निर्माण मामले में बयानबाजी कर रहे है. उन्होंने पूछा कि श्रीश्री रविशंकर बताएं कि वह किस परंपरा के संत हैं.

किसने उन्हें राम मंदिर निर्माण मामले में बात करने का अधिकार दिया है. कहा कि पैसों के बल पर यह काम नहीं हो सकता. राम मंदिर मुद्दे पर मंगलवार को हरिद्वार स्थित निरंजनी अखाड़ा परिसर में अखाड़ परिषद की बैठक हुई. इसमें विभिन्न अखाड़ों से संत पहुंचे. परिषद के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने कहा कि हम लोग राम जन्म भूमि के पक्ष में हैं. मामला सुप्रीम कोर्ट में है. इसलिए कोर्ट के निर्णय का इंतजार है. एक मांग जरूर करते हैं कि सुनवाई जल्दी हो और प्रतिदिन हो.

श्रीश्री रविशंकर पर निशाना साधते हुए कहा कि कुछ लोग ऐसे हैं, जो मीडिया में अपना नाम कमाने के लिए राम मंदिर मुद्दे पर बोल रहे हैं. कहा कि श्रीश्री रविशंकर जी को किसने कहा कि वह ऐसी पहल करें. किस अधिकार से वह पहल कर रहे हैं. वह किस परंपरा के साधु हैं. कहा कि जो पक्षकार में उससे तो श्रीश्री रविशंकर आज तक नहीं मिले.

ये काम साधु-संतों का है, उन्हें करने दें, जो काम उनका है वो करें. कहा कि जो परंपरागत साधु-महात्मा हैं, वह लगे हुए हैं. विश्व हिन्दू परिषद भी लगा हुआ, जिसकी इसमें अहम भूमिका है. विश्व हिन्दू परिषद भी कहती है हम साधु-संतों के नेतृत्व में राममंदिर बनाएंगे. बैठक में महंत राजेंद्र दास, श्रीमहंत धर्मदास, श्रीमहंत दिलीप दास समेत बड़ी संख्या में अखाड़ों के संत मौजूद रहे.