पाक ने किया मानवता का हनन, कुलभूषण जाधव की मां-पत्नी की चूड़ी-बिंदी उतरवाई

पाकिस्तान ने दुनिया को दिखाने के लिए कुलभूषण जाधव की मां और पत्नी से मुलाकात तो करा दी लेकिन यह सिर्फ रस्मी मुलाकात ही थी. शीशे की दीवार के उस पार जाधव को बैठाकर फोन से बात करा पाकिस्तान अपनी पीठ खुद थपथपा रहा है, लेकिन जो तस्वीर सामने आईं है उसने कई आशंकाओं को गहरा कर दिया है. मां-पत्नी को इतनी इजजाजत नहीं मिली कि वे जाधव को छू सकती या उन्हें गले लगा सकतीं.

पाकिस्तान ने मानवता के सभी मापदंडों की अवहेलना की. इतना ही नहीं मुलाकात से पहले जाधव की पत्नी और मां के कपड़े तक बदलवाए गए और उनके कानों की बालियों से लेकर बिंदी तक भी हटा दी गई. इससे सवाल खड़ा हो रहा है कि आखिर पाकिस्तान को किस बात का डर था जो उसने इतना सबकुछ किया.

जब जाधव की पत्नी और मां इस्लामाबाद पहुंची तो उन्होंने कुछ और कपड़े डाले हुए थे साथ ही दोनों के कानों में बालियां थीं और माथे पर बिंदी भी थी.मुलाकात के बाद फोटो से साफ है कि इस्लामाबाद पहुंचने के बाद जाधव की मां और पत्नी के कपड़े बदलवाए गए थे.

मुलाकात से पहले की फोटो में मां ने सफेद रंग की साड़ी पहनी हुई थी और वह एक शॉल लिए हुए हैं, जबकि पत्नी पीले रंग का सूट पहने हुई थी और लाल से रंग की एक शॉल ओढ़े हुईं थीं लेकिन बंद कमरे में जाधव से मुलाकात के दौरान दोनों की ही वेशभूषा अलग थी. वहीं शीशे की दीवार में मुलाकात के सवाल पर पाकिस्तानी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता फैजल ने दलील दी कि उन्हें पहले ही बता दिया गया था कि सुरक्षा कारणों के चलते शीशे की दीवार के बीच मुलाकात कराई जाएगी. वहीं जाधव को काउंसलर एक्सेस के सवाल पर फैजल ने कहा कि यह काउंसलर एक्सेस नहीं था. यह सिर्फ 30 मिनट की मुलाकात थी, जिसे जाधव के कहने पर 10 मिनट और बढ़ाया गया था.

विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रवीश कुमार ने आगाह करते हुए कहा कि पाकिस्तान जूते को लेकर कोई भी घटिया खेल खेल सकता है. कुमार ने कहा कि बार-बार प्रार्थना करने के बावजूद पाक ने उनके जूते नहीं लौटाए. ये सब पाकिस्तान ने सुरक्षा की आड़ में किए हैं. उन्होंने इन दोनों महिलाओं की धार्मिक और सांस्कृतिक संवेदनशीलता का भी ध्यान नहीं रखा.