निर्दयी कंपनी सचालकों के खिलाफ श्रमिकों को कांग्रेस का समर्थन

रुद्रपुर, सेक्टर 11 में स्थित आटो लाईन कंपनी में 100 से अधिक श्रमिकों के अंग भंग होने तथा मैनेजमेंट द्वारा घायल श्रमिकों को बिना उचित मुआवजे के कंपनी से बाहर निकाल देने की प्रवृति के खिलाफ कंपनी श्रमिकों ने पूर्व कैबिनेट मंत्री तिलक राज बेहड़ एवं सुशील गाबा को सौंपे ज्ञापनों के बाद बेहड़ व गाबा के नेतृत्व में 15 दिसम्बर को कंपनी गेट पर विशाल धरना प्रर्दशन का ऐलान कर दिया गया.

कांग्रेस नेताओं नें मजदूरो की व्यथा देखकर कारखाना प्रबंधन के खिलाफ पूरा सहयोग देने के लिए आश्वसत किया. कांग्रेस नेता सुशील गाबा ने मजदूरों के हक में आवाज बुलंद करते हुए कलक्ट्रेट में धरनारत श्रमिकों के मध्य पहुंचे. उन्होंने आटो लाईन कारखाने के धरनारत् कंपनी प्रबंधन मुर्दाबाद, मेनेजमेंट होश में आओ, श्रम विभाग मुर्दाबाद, एएलसी मुर्दाबाद के नारों के साथ मजदूरों को हर संभव सहयोग का आश्वासन दिया.

गाबा ने कहा कि उन्होंने अपने जीवन में किसी कारखाना प्रबंधक को इतना निर्मम, निर्दयी नहीं देखा है. सैंकड़ों मजदूरों के अंग भंग हो जाने के बावजूद अन्ट्रेंड मजदूरों से लगातार प्रेस मशीनों पर कार्य कराया जा रहा है. बेबस व रोजगार के दबाव में मजबूर गरीब मजदूर अपनी मजबूरी के कारण इन प्राण घातक मशीनों पर कार्य कर रहा है.

अंग भंग हो जाने पर जिस तरह चंद हजार रूपये देकर गरीब मजदूर को भगा दिया जा रहा है, जो कि मानवता को शर्मिंदा करने वाला कार्य है. कारखाना मालिक व प्रबंधन के खिलाफ आरपार की जंग प्रारम्भ हो चुकी है, चाहे जो बलिदान देना पड़े, अब युवा शक्ति पीछे नहीं हटेगी. पूर्व छात्रसंघ अध्यक्ष मनीश गोस्वामी ने कहा कि उन्हें तो श्रमविभाग के अधिकारियों की कुंभकर्णी नींद पर हैरानी है.

जिस कारखाने में 100 से अधिक श्रमिकों के अंगभंग हो गये हों, वहां कारखाना मालिक व प्रबंधन के खिलाफ एक एफआईआर तक दर्ज न हो, वह केवल श्रम विभाग व पूंजीपतियों की आपसी सांठगांठ से ही संभव है. इस तरह की बेईमानी को बर्दाश्त नही किया जायेगा.