यूएस दूतावास को येरूशलम में शिफ्ट होने पर, भारतीय दूतावास को भी शिफ्ट करने की मांग उठी

यूएस द्वारा इजरायल में मौजूद अपने दूतावास को येरूशलम में शिफ्ट करने की बात के बाद भारतीय दूतावास को भी शिफ्ट करने की मांग उठी है.भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के सीनियर नेता और सांसद सुब्रमण्यम स्वामी ने इसका सुझाव दिया है.इसके लिए, स्वामी ने ट्विट किया कि यरूशलेम को इसराइल की राजधानी के तौर पर अंतरराष्ट्रीय मान्यता मिली है, इस तरह भारत को अपने दूतावास को उसी शहर में भी स्थानांतरित करना चाहिए.

अमेरिकि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने येरूशलम को इजरायल की राजधानी के तौर पर मान्याता दे दी है,और वह यूएस के दूतावास को भी वहीं शिफ्ट करने की बात कर रहे हे.इजराइल के राष्ट्रपति नेतान्याहू ने अमेरिका के इस फैसले पर ख़ुशी व्यक्त कि और उनका तहेदिल से स्वागत किया है.यूएस ऐसा करने वाला पहला देश हे.ऐसा माना जाता है कि दूतावास को स्थानांतरित करने में तीन से चार साल लग सकते हैं. दुनिया भर में इसका विरोध चल रहा है.

दरअसल मामला ये हे कि इजरायल और फिलिस्तीन के बीच येरूशलम को अपनी राजधानी बनाने का संघर्ष काफी लंबे वक्त से चल रहा है.येरूशलम 1948 में राज्य बना,तबसे आजतक किसी ने भी इसे इजरायल की राजधानी का दर्जा नही दिया,यूएस ऐसा करने वाला पहला देश बना है,इसी वजह से दुनियाभर में इजरायल और अमेरिका का समर्थन कोई नही कर रहा हे.