अयोध्या मामले की सुनवाई में जल्द बाज़ी ठीक नही : कपिल सिब्बल

अयोध्या मामले (राम जन्मभूमि-बाबरी मस्जिद) पर सुप्रीम कोर्ट अब अगली सुनवाई 8 फरवरी को करेगा.

सुन्नी वक्फ बोर्ड की ओर से कपिल सिब्बल ने मांग की है कि मामले की सुनवाई 5 या 7 जजों बेंच को 2019 के आम चुनाव के बाद करनी चाहिए. क्योंकि मामला राजनीतिक हो चुका है.

सिब्बल ने कहा कि रिकॉर्ड में दस्तावेज अधूरे हैं. कपिल सिब्बल और राजीव धवन ने इसको लेकर आपत्ति जताते हुए सुनवाई का बहिष्कार करने की बात कही है. कपिल सिब्बल ने कहा कि राम मंदिर एनडीए के एजेंडे में शामिल है, इसलिए सुनवाई टाली जाए.

उन्होंने इलाहाबाद हाई कोर्ट के सामने पेश किए गए 9000 दस्तावेजों और सबूतों का अनुवाद करने के लिए उचित समय की मांग की है.