UKG की बच्ची पर यौन हमला करने वाले प्रिंसिपल ने दी यह शर्मनाक दलील

झारखंड के एक स्कूल में 7 साल की बच्ची के साथ यौन उत्पीड़न के आरोपी प्रिंसिपल ने मीडिया के सामने अपना गुनाह कबूल कर लिया. लेकिन इस दौरान उसने एक बेहद शर्मनाक बयान भी दिया. प्रिंसिपल ने अपने बचाव में कहा कि उसके द्वारा की गई यह एक छोटी सी गलती थी, क्योंकि उसने बच्ची के साथ इंटरकोर्स (सेक्स) नहीं किया था.

कोडरमा जिले में एक स्कूल के प्रमुख 67 साल के एस. जेवियर ने बुधवार कथित तौर पर अपर केजी (UKG) में पढ़ने वाली इस बच्ची को स्कूल के टॉयलेट में लेकर गया था, जहां उसने बच्ची के कपड़े उतारकर उसके साथ अश्लील हरकत की. जब बच्ची चिल्लाने लगी, तो उसने उसे कुछ पैसे दिए और कहा कि वह किसी को भी इस बारे में कुछ नहीं बताए.

गिरफ्तारी के बाद मीडिया के सामने उसने कबूल किया, हां मैंने ऐसा किया, लेकिन यह इतनी बड़ी गलती नहीं थी. इस मामले में कोई यौन संबंध नहीं बनाए गए थे. मैं साफ तौर पर बता दूं कि मैं ऐसा नहीं कर सकता, क्योंकि अब मैं उम्रदराज हो चुका हूं. यह एक हादसा भर था. उसने यह भी कहा, मैं बहुत तनाव में हूं. मेरा काम ठीक नहीं चल रहा है. मुझे दिल की बीमारी है. और कई बार रातों को मैं सो नहीं पाता हूं. मुझे Insomnia (अनिद्रा की बीमारी) है. इस शख्स को 15 दिन के लिए जेल भेज दिया गया है.

घटना बुधवार की है. जब बच्ची ने अपने माता-पिता को इसके बारे में जानकारी दी तब शुक्रवार को पुलिस को इस बारे में जानकारी दी गई. पुलिस ने आईपीसी और पोक्सो की विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज किया है. बच्ची का मेडिकल टेस्ट करवाया गया है और रिपोर्ट का इंतजार है. कोडरमा की एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी शिवानी तिवारी ने कहा, आगे की जांच अभी जारी है. यह एक गंभीर अपराध है.’

बता दें कि पिछले दिनों कोलकाता के एक प्राइवेट स्कूल में भी नर्सरी की चार साल की एक बच्ची के यौन उत्पीड़न के आरोप में स्कूल के दो पीटी टीचरों को गिरफ्तार कर लिया गया. आरोप है कि ये दोनों चॉकलेट देने के बहाने बच्ची को टॉयलेट में लेकर गए और वहां उसका यौन उत्पीड़न किया.