‘पद्मावती’ की रिलीज भारी विवादों के बीच टली

दीपिका पादुकोण अभिनीत व संजय लीला भंसाली द्वारा निर्देशित फिल्म ‘पद्मावती’ की रिलीज भारी विवादों के बीच टल गई है. फिल्म के मेकर्स व निर्माता कंपनी वायकॉम 18 ने फिल्म की रिलीज डेट को आगे बढ़ा दिया है. इससे पहले यह फिल्म 1 दिसंबर को रिलीज होने वाली थी.फिल्म की निर्माता कंपनी वायकॉम 18 ने रिलीज डेट आगे बढ़ाने की बात तो कंफर्म की है, लेकिन सिनेमाघरों में यह कब रिलीज होगी, यह फिलहाल तय नहीं है.

रविवार को कंपनी के प्रवक्ता की ओर से जारी बयान में कहा गया है, ‘आज के सबसे प्रतिभाशाली फिल्ममेकर्स में शामिल संजय लीला भंसाली ने राजपूत मान, सम्मान और परंपराओं पर बेहद खूबसूरत सिनेमा तैयार किया है. फिल्म की कहानी जिस अंदाज में दिखाई गई है, उस पर हर भारतीय को गर्व होगा और भारतीय कथ्य का दम दुनियाभर में दिखेगा. हम जिम्मेदार, कानून को मानने वाले और व्यावसायिक नागरिक हैं और सीबीएफसी समते सभी संबंधित संस्थाओं कानून के प्रति गहरा सम्मान रखते हैं. हम निर्धारित तौर-तरीकों को मानने के लिए प्रतिबद्ध हैं. हमें यकीन है कि हम जल्द फिल्म रिलीज करने के लिए जरूरी अनुमतियां हासिल कर लेंगे.

जल्द ही फिल्म की नई रिलीज डेट का ऐलान किया जाएगा.’गौरतलब है कि, फिल्म ‘पद्मावती’ की रिलीज को लेकर चल रहे विवाद पर अपनी खामोशी तोड़ते हुए राजस्थान की मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने सूचना एवं प्रसारण मंत्री स्मृति ईरानी को चिट्ठी लिखी है. राजस्थान की मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने ईरानी से आग्रह किया है कि पद्मावती फिल्म तब तक रिलीज न हो, जब तक इसमें जरूरी बदलाव नहीं कर दिए जाएं, ताकि किसी भी समुदाय की भावनाओं को ठेस न पहुंचे. करणी सेना के विरोध प्रदर्शन के बीच हाल ही में सेंसर बोर्ड ऑफ फिल्म सर्टिफिकेशन ने भी फिल्म को लेकर आपत्ति जताई है. सेंसर बोर्ड ने फिल्म ‘पद्मावती’ को देखने से फिलहाल इन्कार कर दिया है.

तकनीकी कमियों का हवाला देते हुए बोर्ड ने फिल्म को वापस भेज दिया.इस बारे में सेंसर बोर्ड के अध्यक्ष प्रसून जोशी ने कहा, ‘रिव्यू के लिए इसी हफ्ते फिल्म का आवेदन बोर्ड को मिला. मेकर्स ने खुद माना कि आवेदन अधूरा था. फिल्म काल्पनिक है या ऐतिहासिक इसका डिसक्लेमर तक अंकित नहीं किया गया था. ऐसे में बोर्ड पर प्रक्रिया को टालने का आरोप लगाना सरासर गलत है.’