पैराडाइज लीक मामला : मल्टी एजेंसी करेगी जांच

सोमवार को केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (सीबीडीटी) ने कहा कि पनामा दस्तावेजों की जांच कर रहा बहु-एजेंसी समूह (MAG) ताजा सामने आए पैराडाइज दस्तावेजों की जांच की निगरानी करेगा. इंटरनैशनल कॉन्सोर्टियम ऑफ इंवेस्टिगेटिव जर्नलिस्ट्स (ICIJ) की तरफ से लीक किए गए पैराडाइज पेपर्स में 714 भारतीय लोगों और संस्थानों के नाम हैं.

बरमूडा की एक विधि सलाहकार कंपनी के कंप्यूटर रिकॉर्ड से उड़ाए गए इन दस्तावेजों में कई भारतीय इकाइयों और हस्तियों के विदेशों में निवेश का उल्लेख है. केंद्रीय मंत्री जयंत सिन्हा और अभिनेता अमिताभ बच्चन जैसे लोग शामिल हैं. सीबीडीटी ने कहा है कि देश भर में आयकर विभाग की जांच इकाइयों को इन सूचनाओं को लेकर सतर्क कर दिया गया है. प्रत्यक्ष कर व्यवस्था के इस शीर्ष निकाय ने कहा है कि उसकी विदेशी इकाइयां विदेशों में निवेश करने वाले कुछ मामलों की तेजी से जांच करने में पहले से ही लगी हैं.

आयकर विभाग की जांच इकाई को हर मामले पर तुरंत कार्रवाई करने के लिए चेताया है. विज्ञप्ति में कहा गया है कि पैराडाइज पेपर्स के अनुसार, विदेशी कंपनियों के आंकड़ों में 180 देशों के लोगों का नाम आया है. इसमें 714 भारतीयों के नाम हैं और उसका स्थान 19वां है. इन पेपर्स में विदेशी लॉ फर्म‘एप्पलबाय’के पिछले 50 साल के 70 लाख ऋण समझौतों, वित्तीय बयानों तथा अन्य दस्तावेजों को जारी किया गया है.

मंत्रालय ने बताया कि अभी कुछ ही भारतीयों के नाम मीडिया में आए हैं. पैराडाइज पेपर्स जारी करने वाले ‘इंटरनेशनल कंसोर्टियम ऑफ इनवेस्टिगेटिव जनरिस्ट ने भी अपनी वेबसाइट पर सभी नाम सार्वजनिक नहीं किये गए हैं. वेबसाइट पर संकेत दिया गया है कि बाकी के नाम चरणबद्ध तरीके से सार्वजनिक किए जाएंगे और आयकर विभाग की जांच इकाई को नाम सार्वजनिक होते ही कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं.