7 दिसंबर से गैरसैंण में आयोजित होगा विधानसभा का शीतकालीन सत्र

उत्तराखंड सरकार ने चमोली जिले के गैरसैंण (प्रस्तावित राजधानी) में सात से 13 दिसंबर तक प्रदेश विधानसभा का शीतकालीन सत्र आयोजित करने का निर्णय किया.

गैरसैंण पहाडी क्षेत्र में निवास करने वाली जनता के लिए एक भावनात्मक मुद्दा रहा है और एक वर्ग राज्य की राजधानी पहाड़ में बनाए जाने का पक्षधर रहा है.

शहरी विकास मंत्री मदन कौशिक ने बताया कि गैरसैंण में राज्य विधानसभा का शीतकालीन सत्र आयोजित करने के प्रस्ताव को बुधवार को देहरादून में मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत की अध्यक्षता में हुई राज्य मंत्रिमंडल की एक बैठक में मंजूरी दी गई.

हालांकि, उन्होंने बताया कि गैरसैंण में होने वाले सत्र की तारीखें अभी पूरी तरह से तय नहीं हो पायी हैं. मुख्यमंत्री रावत ने कहा कि गैरसैंण में विधानसभा सत्र का आयो​जन राज्य सरकार द्वारा प्रदेश की जनता से किए गए पुराने वादे को पूरा करने के लिए किया जा रहा है.

उन्होंने कहा, ‘हमने अपना पहला विधानसभा सत्र (मार्च में सत्ता में आने के बाद) गैरसैंण में करने की योजना बनायी थी, लेकिन पूरी तैयारी न हो पाने के ​कारण ऐसा हो नहीं पाया. गैरसैंण में सत्र करके हम एक पुराना वादा निभा रहे हैं.’

रावत ने संवाददाताओं से बातचीत में कहा, ‘इससे विधायकों को पहाड़ की जनता की समस्याओं से खुद रूबरू होने का मौका भी मिलेगा. हम जनता को भी यह संदेश देना चाहते हैं कि हमारा फोकस दूरस्थ क्षेत्रों के विकास पर है.’