इस बांध में इस्तेमाल हुआ इतना कंक्रीट कि चांद तक सड़क बन जाए, PM मोदी करेंगे उद्घाटन

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी रविवार को अपने जन्मदिन के अवसर पर सरदार सरोवर नर्मदा बांध प​रियोजना का उद्घाटन करेंगे. वह नर्मदा जिले के केव​​ड़िया ​स्थित सरदार सरोवर नर्मदा बांध परियोजना पर नर्मदा नदी की पूजा-अर्चना करेंगे. इसके बाद वह इस परियोजना का लोकार्पण करेंगे.

पीएम मोदी सरदार सरोवर परियोजना के 30 दरवाजे खोलकर इसे राष्ट्र को समर्पित करेंगे. विवादों में घिरी रही इस परियोजना को लेकर इसके प्रभाव में आने वालों के बेहतर पुनर्वास के लिए मेधा पाटकर 30 अन्य महिलाओं के साथ जल सत्याग्रह कर रही हैं. उनका कहना है कि जल समाधि ले लेंगे पर जगह खाली नहीं करेंगे.

सरदार सरोवर बांद के बारे में खास बातें…
– 1945 में सरदार पटेल ने निर्माण की पहल की
– 5 अप्रैल 1961 को जवाहर लाल नेहरू ने नींव रखी
– ऊंचाई 138.68 मीटर और लंबाई 1210 मीटर तय की गई
– इसके 30 दरवाज़े हैं
– 4.73 मिलियन क्यूसेक पानी की क्षमता
– बांध पर 620 एलईडी लाइट
– 30 दरवाज़ों पर 120 लाइट अलग अलग रंगों की
– रोशनी से ओवर फ़्लो का पता चलता है
– 86.2 लाख क्यूबिक मीटर कंक्रीट से बना है यह
– एक अनुमान के मुताबिक, इतने कंक्रीट से चंद्रमा तक सड़क बन सकती है

किसे कितना लाभ
– गुजरात के 3,137 गांवों को फ़ायदा
– 18.45 लाख हेक्टेयर ज़मीन की सिंचाई
– नहरों के ज़रिए 9,000 गांवों में सिंचाई
– बांध से 6 हज़ार मेगावाट बिजली पैदा होगी
– बिजली का 57 फ़ीसदी हिस्सा मध्य प्रदेश को
– बिजली का 27 फ़ीसदी हिस्सा महाराष्ट्र को
– बिजली का 16 फ़ीसदी हिस्सा गुजरात को
– राजस्थान को सिर्फ़ पानी मिलेगा

बता दें कि नर्मदा नियंत्रण प्राधिकरण ने 17 जून को बांध के 30 दरवाजे बंद किए थे. इसके बाद ये अभी तक बंद थे.