खूबसूरत फूलों की घाटी में भटका दिल्ली का जोड़ा, ऐसे हाल में मिले कि पुलिस भी चौंक गई

चमोली स्थित विश्व प्रसिद्ध फूलों की घाटी दुनियाभर के पर्यटकों को लुभाती है. लेकिन एक गलत कदम किसी भी पर्यटक को भारी भी पड़ सकता है. यहां के पैदल ट्रैक पर दिल्ली का एक शादीशुदा जोड़ा भटक गया. बड़ी मुश्किल से एसडीआरएफ और पुलिस की टीम ने उन्हें खोज निकाला. लेकिन उनकी हालत देखकर पुलिस भी चौंक गई.

गोविंदघाट थाना प्रभारी प्रदीप राठौर ने बताया कि दिल्ली के शालीमार बाग निवासी कमल (पुत्र विजय कुमार) व दिल्ली के ही ग्रीन पार्क निवासी तरंगा अग्रवाल (पुत्र राजेंद्र अग्रवाल) मंगलवार को घांघरिया से फूलों की घाटी के लिए निकले थे. घाटी से लौटते वक्त वे रास्ता भटक गए और जंगल की ओर चले गए.

जंगल में फिसलने के कारण उनके हाथ और पांवों में चोटें भी आईं. दोनों पर्यटकों ने दिल्ली में अपने परिजनों को फूलों की घाटी के समीप जंगल में फंसे होने की सूचना दी. परिजनों ने चमोली पुलिस अधीक्षक से दोनों पर्यटकों को ढूंढने की गुहार लगाई.

इस सूचना पर गोविंदघाट से एसडीआरएफ और थाना पुलिस फूलों की घाटी ट्रैक पर गई. पुलना गांव के शीर्ष भाग पर युवकों को आवाज लगाई तो दूसरी ओर से उनकी आवाज आई.

रात करीब ढाई बजे पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और घायल पर्यटकों को रेस्क्यू कर गोविंदघाट लाया गया. दोनों की स्वास्थ्य जांच कराई गई और इसके बाद गंतव्य को रवाना कर दिया गया.