अंतरराष्ट्रीय हॉकी खिलाड़ी ज्योति गुप्ता की संदिग्ध हालत में मौत

अंतरराष्ट्रीय हॉकी खिलाड़ी ज्योति गुप्ता का शव रोहतक रेल लाइन पर पड़ा मिला. वह सोनीपत की रहने वाली थीं. परिजनों ने बताया कि ज्योति बुधवार सुबह ही रोहतक में महर्षि दयानंद विवि जाने के लिए घर से निकली थी. मौत के कारणों के बारे में अभी तक स्पष्ट नहीं हो पाया है. इस बात की भी जांच की जा रही है कि ज्योति रेवाड़ी कैसे पहुंची. परिजन ज्योति की मौत को आत्महत्या मानने के लिए तैयार नहीं हैं.

राजकीय रेलवे पुलिस को बुधवार रात करीब दस बजे सूचना मिली कि रोहतक रेल लाइन पर फ्लाईओवर के निकट एक युवती का शव पड़ा है. सूचना पाकर पुलिस मौके पर पहुंची, शव के पास से हैंड बैग और मोबाइल बरामद किया गया. पुलिस ने मोबाइल के आधार पर शव की शिनाख्त का प्रयास किया. देर रात मोबाइल पर परिजनों की कॉल आने पर शव की शिनाख्त सोनीपत निवासी ज्योति गुप्ता (21) पुत्री प्रमोद गुप्ता के रूप में हुई.

सूचना मिलने के बाद ज्योति के पिता, मां बबली और कोच अनिल कुमार समेत अन्य परिजन रेवाड़ी पहुंचे. प्रमोद गुप्ता ने बताया कि ज्योति बीए कर चुकी थी. उसके सर्टिफिकेट में दर्ज नाम गलत था, इसे ठीक कराने के लिए ही वह बुधवार सुबह एमडीयू रोहतक के लिए घर से निकली थी. शाम साढ़े पांच बजे ज्योति की मां से बात हुई तो उसने बताया था कि उसकी बस रास्ते में खराब हो गई है. एक घंटे में वह घर पहुंच जाएगी.

पुलिस अधिकारी ने बताया कि ज्योति के रेवाड़ी पहुंचने और मौत की घटना की जांच की जा रही है. परिजनों से भी जानकारी जुटाई जा रही है. कोच अनिल कुमार ने बताया कि ज्योति प्रतिभावन खिलाड़ी होने के साथ ही मिलनसार थी. स्टेट व नेशनल के अतिरिक्त ज्योति एशिया कप, गुवाहाटी में हुए सैफ गेम्स व स्पेन में भी खेल चुकी थी. ज्योति ने अपनी टीम को कई पदक भी दिलाए. बुधवार सुबह वह सोनीपत के महिला हॉकी ग्राउंड में अभ्यास करने आई थी. उसे अगले हफ्ते बेंगलुरु में होने वाले हॉकी कैंप में भी जाना था.