कांग्रेस का आरोप 22 विधायकों को मिला 15 करोड़ का ऑफर, बीजेपी ने कहा- ‘क्या वह बिकाऊ हैं’

कांग्रेस ने गुजरात से बेंगलुरू के एक रिसॉर्ट में लाए गए अपने सभी विधायकों को रविवार को मीडिया के सामने पेश किया. यह पूरी कवायद पार्टी ने विधायकों के असंतुष्ट होने की अटकलों को खारिज करने की थी. इस बीच, नई दिल्ली में भाजपा ने कांग्रेस के इस आरोप को खारिज कर दिया कि वह गुजरात में उसके विधायकों को तोड़ रही है.

बीजेपी ने कहा कि हाल में कांग्रेस के छह विधायकों के इस्तीफे के पीछे उसका कोई हाथ नहीं है और सवाल किया कि ‘क्या वह बिकाऊ हैं.’ कांग्रेस प्रवक्ता शक्ति सिंह गोहिल ने दावा किया कि बीजेपी ने आठ अगस्त को राज्यसभा की तीन सीटों के लिए गुजरात में होने वाले चुनाव के दौरान क्रॉस-वोटिंग के लिए कांग्रेस के 22 विधायकों को 15 करोड़ रुपये की पेशकश कर ‘खरीदने’ की कोशिश की.

गोहिल ने रिसॉर्ट में पत्रकारों को बताया, ‘हमारे विधायक यहां मौज-मस्ती करने नहीं आए हैं. हम लोकतंत्र को बचाने के लिए उन्हें यहां लेकर आए हैं, क्योंकि बीजेपी धनबल और बाहुबल का इस्तेमाल कर उन्हें खरीदने की कोशिश कर रही थी.’ संवाददाता सम्मेलन के दौरान गोहिल के पीछे गुजरात के 44 कांग्रेस विधायक भी बैठे थे.

गुजरात में कांग्रेस के कुल 57 विधायक थे, जिनमें से छह ने पिछले दो दिनों में पार्टी से इस्तीफा दे दिया है. उनमें से तीन 28 जुलाई को बीजेपी में शामिल हो गए. सात अन्य विधायक बेंगलुरू के पास के एक रिसॉर्ट में ठहरे विधायकों के समूह में शामिल नहीं हैं, लेकिन गोहिल ने उम्मीद जताई कि वे अपनी ‘अंतरात्मा’ की आवाज सुनेंगे और कांग्रेस के खिलाफ वोट नहीं करेंगे.

उन्होंने कहा कि सातों विधायकों को यह नहीं भूलना चाहिए कि उन्हें कांग्रेस के टिकट पर ही चुना गया था. गोहिल ने कहा, ‘यहां हमारे 44 विधायक हैं, और हम उन सात विधायकों के भी संपर्क में हैं, जो हमारे साथ नहीं हैं. एनसीपी सहित कुछ अन्य पार्टियों के विधायक भी हमें वोट देने वाले हैं. कुल मिलाकर हमारे उम्मीदवार के लिए 60 विधायक वोट करने वाले हैं.’ कांग्रेस प्रवक्ता ने बीजेपी के इस आरोप को खारिज किया कि कांग्रेस विधायक ऐसे समय में एग्लेटॉन गोल्फ रिसॉर्ट में मौज-मस्ती कर रहे हैं, जब उत्तर गुजरात बाढ़ की मार झेल रहा है.

प्रवक्ता ने कहा कि अहमद पटेल की अपील पर कांग्रेस के सभी विधायक 25 जुलाई को उत्तर गुजरात में अपने विधानसभा क्षेत्र में गए थे और बाढ़ प्रभावित लोगों से मुलाकात की थी. उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस नेताओं को निशाना बनाने के लिए भाजपा सीबीआई का इस्तेमाल कर रही है. इससे पहले, गोहिल ने कहा था कि रिसॉर्ट में रखे गए विधायक एक परिवार की तरह रह रहे हैं और पार्टी में कोई दरार नहीं है.

उन्होंने कहा, ‘मैं शनिवार रात से ही अपने सहकर्मियों के साथ हूं. हम एक परिवार की तरह रह रहे हैं. आप (बीजेपी) अंदरूनी समस्या की बात कर रही हैं? देखें कि वे कैसे एक-दूसरे का सम्मान करते हैं. हमारे बीच कोई आंतरिक समस्या या दरार नहीं है.’

इधर नई दिल्ली में बीजेपी ने कांग्रेस के इस आरोप को खारिज कर दिया कि वह गुजरात में उसके विधायकों को तोड़ रही है. पार्टी ने कहा कि हाल में कांग्रेस के छह विधायकों के इस्तीफे के पीछे उसका कोई हाथ नहीं है और सवाल किया कि ‘क्या वह बिकाऊ हैं.’

बीजेपी ने यह भी कहा कि कांग्रेस का एकमात्र लक्ष्य देश में राहुल गांधी और गुजरात में अहमद पटेल को बचाना है. केंद्रीय मंत्री और बीजेपी के वरिष्ठ नेता प्रकाश जावड़ेकर ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि उसके विधायक ‘खुद ही मौज-मस्ती’ कर रहे हैं, जबकि बीजेपी के विधायक राज्य में बाढ़ प्रभावित लोगों को राहत मुहैया कराने में व्यस्त हैं.

उन्होंने कहा, ‘गुजरात कांग्रेस के नेता बेंगलुरू में बीजेपी पर आरोप लगा रहे हैं. यह उल्टा चोर कोतवाल को डांटे वाली बात है. यदि उनके नेता उन्हें छोड़कर जा रहे हैं, तो इसका हमसे कोई लेना-देना नहीं.’