डीएम अल्मोड़ा सविन बंसल का तबादला, भड़का आक्रोश

अल्मोड़ा, कई दिनों से सोशल मीडिया में जिलाधिकारी सविन बंसल के स्थानांतरण की खबरें आंखिरकार सच साबित हो ही गयी. उन्हें अब सचिव उच्च शिक्षा बनाया गया है. विगत काफी समय से जिलाधिकारी के तबादले की चर्चाये जोरो पर थीं और भाजपा का एक गुट कैबिनेट मंत्री के नेतृत्व में जिलाधिकारी को हटाने के लिये प्रयासरत था. गत 13 अक्टूबर 2015 से आज तक अपने दो वर्ष से कम के कार्यकाल में जिलाधिकारी सविन सविन बंसल ने लोगों पर गहरी छाप छोड़ी थी और अपने कार्यकाल के दौरान उन्होने कई दूरस्थ क्षेत्रों में पैदल जाकर लोगों की समस्याओं का जायजा लिया और समाधान का प्रयास किया. अल्मोड़ा में टैफिक व्यवस्था को सुधारने के लिये उनके द्वारा किये गये कार्यों को याद रखा जायेगा. ईमानदार छवि के जिलाधिकारी के तबादले से जिले के वाशिंदे नाखुश है और लोगों ने इस तबादले को राजनीतिक दबाब में उठाया कदम बताया है.

जिलाधिकारी के तबादले पर लोगों ने गहरी नाराजगी व्यक्त की है. सरकार के इस फैसले को तमाम जनसंगठन, बौद्धिक वर्ग व राजनैतिक दल राजनैतिक रंजिश से देख रहे है. उत्तराखंड लोक वाहिनी के केन्द्रीय अध्यक्ष व वरिष्ठ पत्रकार डॉ.शमशेर सिंह बिष्ट ने कहा कि सविन बसंल को ईमानदारी से कार्य करने की सजा मिली है. जिलाधिकारी सविन बसंल ने जनता के पक्ष में काफी कार्य किये उन्होने किसी का नाम लिये बगैर कहा कि जिलाधिकारी के तबादले के पीछे भ्रष्ट व आपराधिक चरित्र के लोगों का दबाब रहा है. उन्होने इस फैसले का विरोध करने की बात कही. इधर पालिकाध्यक्ष प्रकाश चन्द्र जोशी ने भी इस निर्णय की कड़ी आलोचना करते हुए इसके खिलाफ शहर के बुद्धिजीवियों और सामाजिक संगठनों को साथ लेकर आंदोलन की बात कही है. पालिकाध्यक्ष ने कहा कि जिलाधिकारी ने अपने अल्प समय के कार्यकाल में ही काफी ख्याति हासिल की और जनता से जुड़े मुद्दों पर वह हमेशा संजीदा रहे. उन्होने कहा कि चाहे वह सफाई कर्मचारियों का मामला हो या फिर कोई और वह हमेशा आम आदमी की समस्याओं को दूर करने में प्रयासरत रहे.

इधर होटल एसोसिएशन के अध्यक्ष राजेश बिष्ट ने कहा कि जिलाधिकारी सविन बंसल का तबादलता बेहद दुर्भाग्यपूर्ण हैं. डीएम के नेतृत्व में विभिन्न योजनाओं पर काम चल रहा था. जिलाधिकारी के अचानक हुए तबादले से यहां विकास कार्यों पर इसका सीधा असर दिखाई देगा. उन्होंने कहा कि मौजूदा सरकार का यह बेहद गलत फैसला है. इधर पूर्व विधायक व संसदीय सचिव मनोज तिवारी ने कहा कि एक ईमानदार, कर्मठ अधिकारी को बहुत कम समय में हटाया गया, जबकि डीएम सविन बंसल जिले में बहुत अच्छा काम कर रहे थे और आम जन की बता उठा रहे थे. ऐसे जनप्रतिनिधि को हटाना जाना गलत है. यह स्थानान्तरण रद्द किया जाना चाहिए. उन्होंने कहा कि जब से भाजपा की सरकार आई है तब से इस तरह के गलत फैसले लिये जा रहे है. पूर्व में बागेश्वर के ईमानदार जिलाधिकारी को भी इसी तरह हटाया गया और अब अल्मोड़ा के डीएम को भी हटा दिया गया है. इधर अल्मोड़ा अरबन को-आपरेटिव बैंक के अध्यक्ष आनंद सिंह बगड़वाल ने भी डीएम के तबादले पर कड़ा रोष जाहिर किया है.