मानसून ने पहाड़ों में बरपाया कहर, उत्तराखंड में अब तक 10 की मौत

सांकेतिक तस्वीर

उत्तराखंड में दस्तक देते ही मानसून कहर भी बरपाने लगा है. मूसलाधार बारिश में पहाड़ दरक रहे हैं और चट्टानें टूट रही हैं. पहाड़ी राज्य में बारिश के कारण जून से अब तक 10 लोगों की जान जा चुकी हैं. जिनमें से आधा दर्जन मौतें मानसून पहुंचने के बाद हुई हैं.

इस दौरान आठ घर पूरी तरह से ध्वस्त हो गए हैं, जबकि 23 घरों में दरारें आ गई हैं. मानसून की इस तल्खी से आपदा प्रबंधन विभाग और ज्यादा चौकस हो गया है.

आपदा प्रबंधन विभाग के राज्य आपातकालीन केंद्र से मिली सूचना के मुताबिक, भारी बारिश के चलते हुए भूस्खलन की घटना में अब तक पांच लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि दो लोग घायल हुए हैं. बादल फटने से आई बाढ़ में तीन और लोगों की मौत हो गई.

एक व्यक्ति की मौत बिजली गिरने से हुई, जबकि आपदा में ही एक अन्य व्यक्ति ने भी जान गंवाई है. अब तक अलग-अलग घटनाओं में 17 लोग घायल भी हो चुके हैं, जबकि 17 बड़े और 26 छोटे जानवर भी मारे गए हैं. 130 घरों को आंशिक नुकसान पहुंचा है.

आठ आवास तो पूरी तरह से ध्वस्त हो चुके हैं. सचिव आपदा प्रबंधन अमित सिंह नेगी के मुताबिक, ‘सभी जिलाधिकारियों को विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं. आपदा प्रबंधन की सभी तैयारियां हैं. मार्ग खोलने के लिए मशीनें तैनात कर दी गई हैं. वैकल्पिक मार्गों का रोड मैप पहले ही तैयार है.