भारत कल से बिना कुंबले के वेस्टइंडीज के खिलाफ पांच वनडे मैचों की सीरीज की शुरुआत करेगा

पोर्ट ऑफ स्पेन|…. चैम्पियंस ट्रॉफी का खिताब बचाने से चूकी भारतीय क्रिकेट टीम शुक्रवार से वेस्टइंडीज के खिलाफ पांच वनडे मैचों की सीरीज की शुरुआत करेगी.भारतीय टीम लगभग सवा साल के बाद अपने मुख्य कोच अनिल कुम्बले के बगैर खेलेगी.त्रिनिदाद के क्वींस पार्क ओवल मैदान पर एक-दूसरे से भिड़ंत के लिए उतरने वाली दोनों टीमों का लक्ष्य एक नई शुरुआत का होगा.एक ओर जहां भारत इस्तीफा दे चुके कुम्बले के बगैर विजय रथ पर लौटने की कोशिश करेगा, वहीं विंडीज 2019 विश्व कप में प्रवेश हासिल करने के इरादे से उतरेगा.

भारत को 18 जून को चैम्पियंस ट्रॉफी के फाइनल में चिर प्रतिद्वंद्वी पाकिस्तान ने एकतरफा मुकाबले में मात दी थी.विराट कोहली की टीम के लिए यह हार किसी बड़े झटके से कम नहीं है.इससे टीम के मनोबल पर असर पड़ा है.कोहली के सामने अपनी टीम में उस जोश और जुनून को वापस लाने की चुनौती है, जो फाइनल में हार से पहले टीम के पास थी.यह सीरीज उनके कंधों पर कई जिम्मेदारियां भी आएंगी.सबसे बड़ी जिम्मेदारी टीम को मुख्य कोच की गैरमौजूदगी में संभालने की होगी.

कोहली से विवाद के चलते टीम के मुख्य कोच अनिल कुंबले ने मंगलवार को अपने पद से इस्तीफा दे दिया.टीम बिना कोच के वेस्टइंडीज दौर पर गई है और ऐसे में कोहली पर दोहरी जिम्मेदारी है.हालांकि टीम के साथ बल्लेबाजी कोच संजय बांगर हैं.कप्तान कोहली के लिए बीते सप्ताह भर में हुई मुश्किल परिस्थितयों से खुद को बाहर निकालना और टीम को आगे ले जाने के साथ जीत की राह पर लाना बड़ी चुनौती है.

वहीं वेस्टइंडीज के पास 2019 विश्व कप में सीधे प्रवेश के कम ही मौके बचे हैं.भारत के खिलाफ सीरीज संभवत: आखिरी मौका हो.इस साल सितंबर के अंत तक आईसीसी एकदिवसीय रैंकिंग में मेजबान इंग्लैंड के साथ शीर्ष सात स्थान पर रहने वाली टीमें विश्व कप में सीधे प्रवेश करेंगी, जबकि बाकी टीमों को क्वालीफायर टूर्नामेंट खेलना होगा.हाल ही में वेस्टइंडीज ने अफगानिस्तान के खिलाफ वनडे सीरीज खेली थी, जिसके पहले मैच में उसे हार मिली थी और दूसरा मैच जीता था.हालांकि, तीसरा मैच बारिश की भेंट चढ़ने के साथ ही सीरीज जीतने का सपना भी धुल गया.

अपने घर में विंडीज किसी ओर जमीं से ज्यादा मजबूत है, लेकिन वह जानती है कि भारत इस समय हर स्थिती में उससे कई अधिक मजबूत, बेहतर है.कप्तान जेसन होल्डर को छोड़ कर विंडीज पास कोई बड़ा नाम नहीं है, लेकिन टीम उलटफेर करने की काबिलियत रखती है.इसी कारण भारतीय टीम उसे हल्के में नहीं लेगी.भारत इस दौर पर रोहित शर्मा और जसप्रीत बुमराह के बिना आया है.इन दोनों खिलाड़ियों को आराम दिया गया है.इनकी जगह टीम में युवा विकेटकीपर-बल्लेबाज ऋषभ पंत और चाइनामैन कुलदीप यादव को जगह मिली है.कोहली इन दोनों युवा खिलाड़यों को अंतिम एकादश में मौका देकर अपनी बैंच स्ट्रैंथ को परख सकते हैं।

पंत किसी भी क्रम पर बल्लेबाजी करने में सक्षम हैं.ऐसे में रोहित की जगह शिखर धवन के साथ वह पारी की शुरूआत कर सकते हैं, लेकिन महेंद्र सिंह धौनी अंतिम-11 में शामिल रहे, को पंत विकेट के पीछे नहीं दिखेंगे.कोहली प्रयोग के तौर पर केदार जाधव या हार्दिक पांड्या को ऊपर बल्लेबाजी करने भेज सकते हैं.गेंदबाजी में टीम की बागडोर भुवनेश्वर कुमार के हाथों में होगी.बुमराह की गैरमौजूदगी में उमेश यादव या मोहम्मद शमी को टीम में जगह मिल सकती है।

टीमें :

भारत : विराट कोहली (कप्तान), महेंद्र सिंह धौनी, शिखर धवन, ऋषभ पंत, अजिंक्य रहाणे, युवराज सिंह, केदार जाधव, हार्दिक पांड्या, रविचंद्रन अश्विन, रवींद्र जडेजा, मोहम्मद शमी, उमेश यादव, भुवनेश्वर कुमार, कुलदीप यादव और दिनेश कार्तिक.

वेस्टइंडीज : जेसन होल्डर (कप्तान), देवेंद्र बिशु, जॉनाथन कार्टर, रोस्टन चेस, मिग्युएल कमिंस, शाई होप (विकेटकीपर), अल्जारी जोसेफ, इविन लुइस, जेसन मोहम्मद, एशेल नर्स, केरन पावेल, रोवमैन पावेल, केसरिक विलियम्स.