‘टॉयलेट- एक प्रेम कथा’ : समाज की सोच दिखाता है फिल्म का ट्रेलर

नई दिल्ली, बॉलीवुड अभिनेता अक्षय कुमार की आने वाली महत्वाकांक्षी फिल्म ‘टॉयलेट- एक प्रेम कथा’ का ट्रेलर आ गया है और काफी पसंद किया जा रहा है. इस ट्रेलर में हमारे समाज की सोच और महिलाओं के प्रति उसके रवैये की झलक बहुत खूबसूरती से पेश की गई है. ट्रेलर की शुरुआत अक्षय कुमार की शादी करने की प्रबल इच्छा और उनके मांगलिक दोषी होने के खुलासे से होती है. नतीजतन एक शॉट में वह भैंस से शादी करते नज़र आते है. इसके बाद अक्षय की ज़िन्दगी में भूमि पेडनेकर आती हैं और वह उनसे शादी कर लेते है.

फिल्म के महत्वपूर्ण हिस्से की झलक इनकी शादी के बाद के सीन से मिलती है जब सुबह घर की महिलाएं भूमि से कहती है, ‘चलो! सवा चार हो गए.सब इंतज़ार कर रहे हैं लोटा पार्टी में तुम्हारे वेलकम का…’. जब भूमि बाहर शौच करने में असहज होती हैं तो उनसे कहा जाता है, ‘ससुराल में खाने को न दे रहे? सारी लाज शर्म छोड़कर लग जाओ काम पर’.आगे अक्षय का एक डायलॉग इस फिल्म को प्रेम कहानी से फिर टॉइलट पर लेकर आता है. अक्षय कहते हैं, ‘उन्होंने तो मेरी किस्मत गुसलखाने में बैठकर लिखी है, और ऊपर से फ्लश और कर दिया’. एक पुरुष जो अपनी पत्नी के समर्थन में खड़ा होना चाहता है, उसके सारे प्रयास किस प्रकार ‘गुसलखाने’ में बह जाते हैं, यह डॉयलॉग उसकी बानगी है.

ट्रेलर में अक्षय भरी पंचायत में कहते दिखते हैं, ‘बीवी लौटे न लौटे, संडास तो मैं बनवाकर छोड़ूंगा’. अंत में, ट्रेलर एक दुखद डायलॉग पर खत्म होता है जहां अक्षय कहते हैं, ‘आशिकों ने आशिकी के लिए ताजमहल बनवा दिया, हम एक संडास नहीं बना सके.’ तो क्या वाकई अक्षय इस फिल्म में संडास बनाने में नाकामयाब होंगे? यह राज़ तो फिल्म में ही खुलेगा.