जल्द मिलेगा महिलाओं को बार्डर पर लड़ने का मौका : जनरल बिपिन रावत

भारतीय सेना प्रमुख बिपिन रावत -फाइल फोटो

नई दिल्ली, भारतीय सेना एक बड़ा बदलाव करने जा रही है. सेना प्रमुख जनरल बिपिन रावत ने कहा कि महिलाओं को लड़ाकू की भूमिका में इजाजत देने की प्रक्रिया तेज की जा रही है. हालांकि शुरुआत में उन्हें मिलिट्री पुलिस के पदों पर अप्वाइंट किया जाएगा. पुरुषों के वर्चस्व को तोड़ने वाली सेना हो जाएगी. अगर ऐसा होता है तो भारतीय सेना दुनिया में जेंडर बैरियर तोड़ने वाली कुछ आर्मी में शुमार हो जाएगी.

रक्षा उत्पादन में अग्रणी निजी कंपनियों को शामिल करने के लिए सरकार के रणनीतिक साझेदारी मॉडल (एसपी मॉडल) की सैन्य प्रमुख जनरल बिपिन रावत ने सराहना करते हुए कहा कि यह भारत के सैन्य बलों के आधुनिकीकरण को बढ़ावा देना की दिशा में एक अहम और बड़ा कदम है.जनरल रावत ने कहा कि उम्मीद है कि नए मॉडल से सेना के आधुनिकीकरण की योजना की रफ्तार तेज होगी क्योंकि इससे नई तकनीक आएंगी और सेना की मुख्य परियोजनाओं के कियान्वयन में मदद मिलेगी. क्षेत्र के सुरक्षा परिदृश्य के मद्देनजर सेना अपनी हथियार प्रणाली के आधुनिकीकरण पर जोर दे रही है. जनरल रावत ने कहा कि एसपी मॉडल सेना के पुराने होते टैंकों और महत्वपूर्ण हथियारों के बेड़े को बदलने में कारगर साबित होगा.

सेना प्रमुख ने कहा कि रणनीतिक साझेदारी मॉडल एक बड़ा कदम है. यह सैन्य बलों के आधुनिकीकरण में मदद देगा. हमें टैंकों को हटाने पर धीरे-धीरे विचार करना होगा. आगामी सात से आठ सालों में हमारी कुछ पुरानी प्रणालियों को बदलना होगा. इस प्रक्रिया को अभी शुरू करना अच्छा होगा क्योंकि उत्पादन के लिए आपको वक्त चाहिए होता है.

नए मॉडल के तहत सरकार भारत की निजी क्षेत्र की कंपनियां को रक्षा क्षेत्र की प्रमुख विदेशी कंपनियों के साथ संयुक्त उपक्रम में भारत में लड़ाकू विमान, हैलिकॉप्टर, पनडुब्बियां और प्रमुख लड़ाकू टैंकों के निमार्ण की इजाजत देगी.सेना के आधुनिकीकरण कार्यक्रम के संदर्भ में जनरल रावत ने इसकी प्रगति पर प्रसन्नता जाहिर की और अमेरिका से दो बेहद हल्की होवित्जर तोपों को लाने और डीआरडीओ द्वारा विकसित 155 एमएम की तोप धनुष का उदाहरण दिया. उन्होंने कहा कि आधुनिकीकरण कार्यक्रम तेजी से चल रहा है. यह रातोरात नहीं हो सकता, यह एक प्रक्रिया है. उन्होंने कहा कि तोपों का आधुनिकीकरण कार्यक्रम बहुत, बहुत अच्छा चल रहा है.

बोफोर्स घोटाले के बाद से 30 वर्ष के लंबे इंतजार के बाद सेना को पिछले ही महीने अमेरिका से दो हॉवित्जर तोपें मिली हैं। यह 145 लंबी दूरी तक प्रहार करने वाली तोपों की खरीद के ऑर्डर का हिस्सा है। जनरल रावत ने कहा कि सैन्य बलों का आधुनिकीकरण एक निरंतर प्रक्रिया होनी चाहिए. उन्होंने यह भी कहा कि एसपी मॉडल से नौसेना और वायुसेना को उल्लेखनीय रूप से फायदा पहुंचेगा.उन्होंने कहा कि आधुनिकीकरण एक ऐसी प्रक्रिया है जो लगातार चलती रहनी चाहिए और हर समय होती रहनी चाहिए। सेना में हमेशा ऐसा कोई ना कोई उपकरण होता ही है जो प्रचलन से बाहर होने की स्थिति में होता है। सेना के लिए नई तकनीक की जरूरत के बारे में जनरल रावत ने कहा कि भविष्य की तकनीक आपको मिलती रहती हैं और भविष्य की तकनीकें फिर आज की तकनीक में बदल जाती है और फिर आज की तकनीक प्रचलन से बाहर होने लग जाती है. यह एक चक्र है.सरकार बहुप्रशिक्षित एसपी मॉडल पिछले हफ्ते ही लाई थी. इस मॉडल का उद्देश्य पनडुब्बियों, लड़ाकू विमानों और लड़ाकू टैंकों के उत्पादन की विश्व स्तरीय उत्पादन सुविधाएं भारत में ही उपलब्ध करवाना है.

जनरल रावत से उनकी हाल की टिप्पणी के बारे में सवाल पूछा गया, जिनमें उन्होंने कहा था कि सैन्य बलों को संसाधनों का उनका वह हिस्सा नहीं मिल रहा जितने के वे हकदार हैं तो जनरल रावत ने कहा कि उनकी टिप्पणियों का आधार यह था कि रक्षा बजट उम्मीद से कम था. हालांकि उन्होंने कहा कि एसपी मॉडल इस कमी की भरपाई कर देगा.जनरल रावत ने कहा कि सरकार एसपी मॉडल पर आगे बढ़ेगी. सैन्य खरीद के लिए सरकार से सरकार के बीच अनुबंध भी होंगे. इन कदमों का हमें लाभ मिलेगा. पिछले माह, सैन्य प्रमुख ने कहा था कि रक्षा पर खर्च को देश में कई लोग बोझ मानते हैं और सेना को वह हिस्सा नहीं मिल रहा जिसकी कि वह हकदार है.वर्ष 2017-18 में भारत का रक्षा बजट 2.74 लाख करोड़ रुपये है जो कि जीडीपी का 1.63 फीसदी है. चीन का रक्षा बजट उसकी जीडीपी का करीब तीन फीसदी है. लेफ्टिनेंट जनरल (सेवानिवृत्त) डीबी शेकातकर समिति की रिपोर्ट के बारे में पूछने पर उन्होंने कहा कि कुछ सिफारिशों पर विचार किया जा रहा है.