तेलंगाना में 99, उत्तराखंड में 73 फीसदी मांसाहारी, राजस्थान में 75 प्रतिशत शाकाहारी

उत्तर प्रदेश में बीजेपी की सरकार बनने के बाद अवैध बूचड़खानों पर हो रही कार्रवाई के साथ-साथ शाकाहार और मांसाहार को लेकर भी बहस छिड़ गई है. इन दोनों में से क्‍या बेहतर है इसे लेकर दो मत रहे हैं.

साल 2014 में इसे लेकर सैंपल रजिस्‍ट्रेशन सिस्‍टम बेसलाइन सर्वे कराया गया था. इसमें बताया गया है कि किस राज्‍य में कितने फीसदी आबादी शाकाहारी या मांसाहारी है. सर्वे के मुताबिक तेलंगाना में सबसे ज्‍यादा 99 फीसदी लोग मांसाहारी हैं, जबकि सबसे ज्‍यादा शाकाहारी खानपान वाले लोगों का प्रदेश राजस्‍थान है. उत्तराखंड में 73 फीसदी लोग मांसाहार और सिर्फ 27 फीसद शाकाहारी खानपान के शौकीन हैं.

पश्‍चिम बंगाल, आंध्र प्रदेश, तमिलनाडु, ओडिशा, झारखंड और बिहार मांस खाने वाले प्रदेशों की अगली पंक्‍ति में खड़े हैं. जबकि हरियाणा, पंजाब और गुजरात में शाकाहार पसंद करने वाले ज्‍यादा लोग हैं. चौंकाने वाला आंकड़ा यह है कि पंजाब में सिर्फ 33 फीसदी लोग मांसाहारी भोजन पसंद करते हैं.

मध्‍य प्रदेश में शाकाहारी और मांसाहारियों की संख्‍या लगभग बराबर है. जबकि दिल्‍ली में ज्‍यातर लोग मांसाहारी खाने में दिलचस्‍पी रखते हैं. यूपी में भी ऐसे ही हालात हैं.