घर में नौकरानी को बंधक बनाकर वैज्ञानिक फरार, कई घंटे मशक्क्त के बाद पुल‌िस ने बचाया

डील कालोनी में वैज्ञानिक के घर में कई दिनों से बंधक बनाई गई घरेलू नौकरानी की को कई घंटे की मशक्कत के बाद मुक्त करा लिया गया. वैज्ञानिक पांच दिन पहले घरेलू नौकरानी को मकान में बंद कर बाहर चला गया था. पुलिस को मोबाइल के लोकेशन के आधार पर वैज्ञानिक के घर पहुंचने में तीन घंटे का समय लगा. पुलिस ने वैज्ञानिक समेत दो लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है. बृहस्पतिवार को युवती के कोर्ट में बयान दर्ज कराए जाएंगे.

नगर नियंत्रण कक्ष पर बुधवार दोपहर करीब एक बजे एक युवती ने फोन किया और रोते हुए बताया कि उसे रायपुर के एक घर में बंधक बनाकर रखा गया है. लेकिन मकान किस इलाके में है इसकी सही जानकारी युवती को नहीं थी.

रायपुर एसओ प्रदीप राणा ने एसओजी की मदद से मोबाइल नंबर की लोकेशन का पता कराया. नंबर की आईडी के आधार पर मोबाइल नंबर डील के वैज्ञानिक अजय मलिक का पाया गया. पुलिस ने डील कालोनी पहुंचकर अजय मलिक के बारे में जानकारी ली. पूछताछ करते हुए पुलिस मलिक के आवास पर पहुंच गई

पुलिस ने उसी नंबर पर फोन किया तो युवती ने अंदर होने की बात कही. अजय मलिक मकान की चॉबी अपने दोस्त अशोक को सौंप गए थे. पुलिस ने तहसीलदार सदर की मौजूदगी में ताला खुलवाकर युवती को मुक्त कराया. पूछताछ में पता चला कि युवती का नाम अंजू निवासी फंसा बाहर, छत्तीसगढ़ है.

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक स्वीटी अग्रवाल ने बताया कि वैज्ञानिक अजय मलिक पांच दिन पहले युवती को बंद कर परिवार के साथ कानपुर गए थे. युवती दिल्ली के शंभू के जरिए घरेलू काम के लिए वैज्ञानिक के यहां आई थी. पीड़िता का कहना था कि अब तक उसे कोई पारिश्रमिक भी नहीं मिला है. उन्होंने बताया कि वैज्ञानिक और शंभू मोहर के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है. विवेचना में आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी.