योगी आदित्यनाथ ने नमाज और सूर्य नमस्कार में बतायी समानता तो मुस्लिम धर्मगुरुओं ने भी किया समर्थन

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने नमाज और सूर्य नमस्कार को मिलता-जुलता बताया है. यही नहीं कई मुस्लिम धर्मगुरुओं ने योगी की इस बात का समर्थन भी कर दिया है. योगी ने साथ ही कहा कि राजनीति दोनों को एक नहीं होने देती.

लखनऊ में चल रहे योग महोत्सव के दौरान योगी आदित्यनाथ ने कहा कि सूर्य नमस्कार में जितने आसन और मुद्राएं आती हैं, वही मुस्लिम बंधुओं के नमाज़ पढ़ने की क्रिया से मिलती-जुलती हैं. इसके साथ ही योगी आदित्यनाथ ने कहा कि जिस दौर में लोग साधु को भीख नहीं देते, पीएम मोदी ने मुझे पूरा यूपी दे दिया, जिनकी उम्मीदों पर मुझे खरा उतरना है.

योग शारीरिक व्यायाम भी है, आसान भी है. प्राणायाम भी है और ध्यान भी है, लेकिन योग के द्वारा एक विराट चरित्र हमारा जो तैयार होता है, हम नर से नारायण और जीव से जो ब्रह्म बनते हैं तो उससे योगी जैसा धवल चरित्र, महान चरित्र. रामदेव ने कहा कि देश में बहुत दिनों बाद योग को इतना महत्व मिला है. देश की आजादी के 70 सालों के इतिहास में पहली बार बड़े रूप में योग और योगी गौरवान्वित हुए हैं.

यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ ने नवरात्र के पहले दिन शुभ मुहूर्त में 12.10 बजे उत्तर प्रदेश के सीएम के सरकारी बंगले 5 कालिदास मार्ग में प्रवेश किया. योगी के लिए बंगले का सारा फर्नीचर और सामान निकाल कर बिल्कुल खाली कर दिया गया था और बंगले को अंदर से सफेद रंग से पेंट किया गया. सारे दरवाज़ों पर नया रंगरोगन किया गया.

अखिलेश यादव ने सीएम बंगले के लिविंग रूम में अपने निजी लेदर के सोफे और बेडरूम में अपना निजी डबल बैड लगा रखा था, जिसे बंगला खाली करते वक्त वे अपने साथ ले गए. इसके पहले यहां रहने वाली मायावती लेदर के सोफे इस्तेमाल करती थीं. चूंकि योगी लेदर के फर्नीचर पर नहीं बैठते, इसलिए उनके लिए लकड़ी का तख्त और लकड़ी की कुर्सियां लगाई गई हैं.