चौथी बार गोवा के मुख्यमंत्री बने मनोहर पर्रिकर, गुरुवार को करेंगे बहुमत साबित

वरिष्ठ भाजपा नेता मनोहर पर्रिकर ने मंगलवार शाम गोवा के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली. राजभवन में आयोजित समारोह में राज्यपाल मृदुला सिन्हा ने उन्हें पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई.

मुख्यमंत्री पर्रिकर के अलावा भाजपा के कोटे से दो मंत्री बने हैं, जबकि सहयोगी दलों जीएफपी को तीन, एमजीपी को दो और निर्दलीय विधायकों को दो मंत्री पद दिए गए.

पर्रिकर ने गोवा में छोटे दलों और निर्दलीय विधायकों के समर्थन से सरकार बनाई है और चौथी बार मुख्यमंत्री पद की शपथ ली.

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गोवा का चौथी बार मुख्यमंत्री बनने पर मनोहर पर्रिकर को बधाई दी. पीएम मोदी ने ट्विटर पर कहा, ‘मनोहर पर्रिकर और उनकी टीम को शपथ ग्रहण करने पर बधाइयां. गोवा को प्रगति की नई ऊंचाइयों पर ले जाने के लिए मेरी शुभकामनाएं.’

इससे पहले मंगलवार सुबह सुप्रीम कोर्ट ने कांग्रेस की याचिका को यह कहते हुए खारिज कर दिया कि इसमें उठाए गए सभी मुद्दों का समाधान शक्ति परीक्षण कराने के सामान्य निर्देश से हो सकता है. कांग्रेस ने पर्रिकर को मुख्यमंत्री के रूप में नियुक्त करने के राज्यपाल मृदुला सिन्हा के फैसले को चुनौती दी थी.

सुप्रीम कोर्ट ने गोवा के सीएम के रूप में पर्रिकर के शपथग्रहण पर रोक लगाने से इनकार कर दिया और 16 मार्च को सदन में शक्ति परीक्षण कराने का आदेश दिया. चीफ जस्टिस जेएस खेहर की अध्यक्षता वाली पीठ ने निर्देश दिया कि 16 मार्च को सुबह 11 बजे विधानसभा का सत्र बुलाया जाए.

अदालत ने यह स्पष्ट किया कि सदस्यों की शपथ के बाद उस दिन सदन का एकमात्र कामकाज शक्ति परीक्षण कराना होगा. पीठ में न्यायमूर्ति रंजन गोगोई और न्यायमूर्ति आरके अग्रवाल भी शामिल थे. इसने निर्देश दिया कि चुनाव आयोग से संबंधित औपचारिकताओं सहित शक्ति परीक्षण कराने के लिए सभी जरूरी चीजें तक पूरी हो जानी चाहिए.

भाजपा की गोवा इकाई के महासचिव सदानंद तानावाडे ने कहा है कि हमारे पास सरकार बनाने के लिए पूर्ण संख्याबल है. गठबंधन सहयोगियों में समर्थन से हमारे पास 21 विधायकों से भी ज्यादा संख्या है