राजनाथ सिंह : एनआईए करेगी लखनऊ मुठभेड़ से जुड़े मामले की जांच

गृह मंत्री ने कहा, मोहम्मद सरताज पर सरकार और पूरे सदन को नाज है. सदस्यों ने मेज थपथपा कर इसका स्वागत किया. उल्लेखनीय है कि सैफुल्ला मंगलवार को मध्यप्रदेश के शाजापुर जिले में भोपाल-उज्जैन ट्रेन में हुए विस्फोट मामले में संदिग्ध था.

गृह मंत्री ने कहा कि यह घटनाक्रम राज्य पुलिस और केंद्रीय एजेंसियों के बीच समन्वय का उत्तम उदाहरण है. दोनों राज्यों की पुलिस द्वारा त्वरित कार्रवाई करते हुए देश की सुरक्षा पर उत्पन्न संभावित खतरे को टालने में सफलता प्राप्त की गई. उन्होंने कहा, इस पूरे प्रकरण की जांच एनआईए से करायी जायेगी.

केंद्रीय गृह मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा है कि मध्यप्रदेश में ट्रेन में बम विस्फोट मामले के सिलसिले में लखनऊ मुठभेड़ में एक संदिग्ध आतंकी के मारे जाने की घटना की जांच राष्ट्रीय जांच एजेंसी एनआईए करेगी. उन्होंने बताया कि इस मामले में अभी तक कुल आठ गिरफ्तारियां हो चुकी हैं.

इस संबंध में राज्यसभा में दिये अपने एक बयान में राजनाथ सिंह ने मृत आतंकी सैफुल्ला के पिता मोहम्मद सरताज द्वारा उसका शव लेने से इंकार किये जाने की सरकार और पूरे सदन की ओर से प्रशंसा की. उन्होंने सरताज के उस बयान की भी सराहना की कि जो अपने देश का नहीं हुआ, वह हमारा कैसे होगा.

 

राजनाथ ने बताया कि आठ मार्च तक उपरोक्त घटनाक्रम में छह अभियुक्त गिरफ्तार किये गये थे। नौ मार्च को उप्र एटीएस द्वारा दो और अभियुक्तों को गिरफ्तार करने के बाद अब तक कुल आठ गिरफ्तारियां इस पूरे घटनाक्रम में हुई हैं।

राजनाथ सिंह ने इस मामले में मध्यप्रदेश और उत्तर प्रदेश में दोनों राज्यों में दर्ज मामलों का भी जिक्र किया. उन्होंने बताया कि भोपाल-उज्जैन ट्रेन में हुए विस्फोट में 10 रेलयात्रियों को चोटें आई और रेलवे सम्पत्ति को भी नुकसान पहुंचा. घायलों को तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया. वर्तमान में सभी घायलों की स्थिति खतरे से बाहर है