IndvsAus बेंगलुरु टेस्ट : दूसरे दिन ऑस्ट्रेलिया (237/6) ने ली 48 रनों की बढ़त

मैट रेनशॉ (60) और शॉन मार्श (66) की अर्धशतकीय पारियों के दम पर ऑस्ट्रेलिया ने भारत के खिलाफ बेंगलुरु के एम. चिन्नास्वामी स्टेडियम में जारी दूसरे टेस्ट के दूसरे दिन रविवार को स्टम्प्स तक छह विकेट खोकर 237 रन बना लिए हैं. पहली पारी के आधार पर ऑस्ट्रेलिया ने भारत पर 48 रनों की बढ़त ले ली है. मैथ्यू वेड (25) और मिशेल स्टार्क (14) नाबाद लौटे.

ऑस्ट्रेलिया ने पहले सत्र में दो, दूसरे सत्र में तीन और तीसरे सत्र में एक विकेट खोया. अपने पहले दिन के स्कोर 40 रनों से आगे खेलने उतरी ऑस्ट्रेलियाई टीम ने दूसरे दिन अपने खाते में 197 रन और जोड़े, हालांकि इस बीच उसे छह विकेट भी गंवाने पड़े. टीम का पहला विकेट डेविड वॉर्नर (33) के रूप में गिरा. उन्हें रविचंद्रन अश्विन ने क्लीन बोल्ड किया.

वॉर्नर के आउट होने के बाद रेनशॉ का साथ देने आए कप्तान स्टीव स्मिथ (8) को रवींद्र जडेजा ने ज्यादा देर तक टिकने नहीं दिया और 82 के कुल योग पर विकेट के पीछे ऋद्धिमान साहा के हाथों कैच कराया.

रेनशॉ ने शॉन मार्श (66) के साथ मिलकर तीसरे विकेट के लिए 52 रनों की अहम साझेदारी कर टीम का स्कोर 134 तक पहुंचाया. इसी स्कोर पर जडेजा ने साहा के हाथों रेनशॉ को कैच करा इस साझेदारी को तोड़ा.

रेनशॉ ने अपनी पारी में खेली गईं 196 गेंदों पर पांच चौके और एक छक्का लगाया. उनके आउट होने के बाद मार्श के साथ पीटर हैंड्सकॉम्ब (16) ने टीम की पारी को आगे बढ़ाया. दोनों ने चौथे विकेट के लिए 26 रन ही जोड़े थे कि जडेजा ने रविचंद्रन अश्विन के हाथों हैंड्सकॉम्ब को कैच आउट करा ऑस्ट्रेलिया को एक और झटका दिया.

हैंड्सकॉम्ब के बाद मार्श का साथ देने आए मिशेल मार्श को ईशांत शर्मा ने खाता खोलने का भी मौका नहीं दिया और 80वें ओवर की आखिरी गेंद पर एलबीडब्ल्यू कर भारत को पांचवीं सफलता दिलाई. इसके साथ ही चायकाल की घोषणा हुई.

तीसरे सत्र में मार्श ने वेड के साथ छठे विकेट के लिए 57 रनों की अहम साझेदारी कर टीम का स्कोर 220 तक पहुंचाया. इसी स्कोर पर उमेश यादव ने उन्हें करुण नायर के हाथों कैच करा पवेलियन भेजा.

मार्श ने 197 गेंदों में चार चौके लगाए. इसके बाद वेड और स्टॉर्क ने कोई और विकेट न गंवाते हुए दिन का खेल समाप्त होने तक टीम का स्कोर 237 तक पहुंचाया. भारत के लिए जडेजा ने सबसे अधिक तीन विकेट लिए. अश्विन, उमेश और ईशांत को एक-एक सफलता मिली.

भारतीय टीम के लिए पहली पारी में लोकेश राहुल (90) के बाद करुण नायर (26) का योगदान सर्वाधिक है. भारत के निचले क्रम के पांच बल्लेबाज दहाई का आंकड़ा भी नहीं छू सके. चार मैचों की सीरीज में ऑस्ट्रेलिया 1-0 से आगे है.