INDvsBAN : टीम इंडिया ने कोहली की कप्तानी में लगातार छठी टेस्ट सीरीज पर कब्जा जमाया, तोड़ा गावस्कर का रिकॉर्ड …

टीम इंडिया-फाइल फोटो

टीम इंडिया ने बांग्लादेश के खिलाफ हैदराबाद के राजीव गांधी क्रिकेट स्टेडियम में खेले गए सीरीज के एकमात्र टेस्ट मैच में 208 रन से जीत दर्ज कर ली. इसी के साथ उसने सीरीज पर 1-0 से कब्जा जमाकर विराट कोहली की कप्तानी में लगातार छठी सीरीज जीत ली. उनकी कप्तानी में टीम इंडिया लगातार 19 टेस्ट से अजेय है, वहीं धरेलू धरती पर वह साल 2012 के बाद से नहीं हारी है. कोहली ने कप्तान के रूप में महान सुनील गावस्कर का एक रिकॉर्ड भी तोड़ दिया. बांग्लादेश की टीम 459 रनों के विशाल लक्ष्य का पीछा करते हुए 250 रन ही बना पाई. गेंदबाजी में टीम इंडिया की ओर से रवींद्र जडेजा और आर अश्विन ने चार-चार विकेट झटके, जबकि ईशांत शर्मा को दो विकेट मिले. बांग्लादेश की ओर से महमुदुल्लाह ने सबसे अधिक 64 रन बनाए.

गावस्कर के रिकॉर्ड को पीछे छोड़ा…
इंग्लैंड के खिलाफ चेन्नई टेस्ट में जीत के साथ विराट कोहली ब्रिगेड ने 18 मैचों से अजेय रहते हुए कप्‍तान के तौर पर सुनील गावस्‍कर की टीम के रिकॉर्ड की बराबरी कर ली थी. अब हैदराबाद में उन्होंने 19वें टेस्ट में जीत दर्ज करके उनके रिकॉर्ड को तोड़ दिया है. वर्ल्ड लेवल पर लगातार मैचों में अजेय रहने की बात करें, तो वेस्टइंडीज टीम 27 टेस्ट मैच (17 जीत, 10 ड्रॉ) के साथ नंबर वन पर है.

इसके बाद क्रमशः इंग्लैंड (26 टेस्ट- 9 जीत, 17 ड्रॉ) और ऑस्ट्रेलिया (25 टेस्ट- 20 जीत, 5 ड्रॉ) हैं. ऑस्ट्रेलिया ने यह कमाल दो बार किया, इसलिए सूची में वह तीसरे और चौथे दोनों नंबर पर है. दूसरी बार वह 22 टेस्ट मैचों (20 जीत, 2 ड्रॉ) तक अजेय रही थी. टीम इंडिया बांग्लादेश पर जीत दर्ज करके पांचवें नंबर पर पहुंच जाएगी, जिस पर अभी इंग्लैंड (18 टेस्ट- 10 जीत, 8 ड्रॉ) है.

इससे पहले टीम इंडिया ने मुंबई टेस्‍ट में जीत हासिल करते हुए महान हरफनमौला कपिलदेव के नेतृत्‍व वाली टीम के 17 मैचों में अजेय रहने के रिकॉर्ड की बराबरी की थी. विराट कोहली के नेतृत्व में टीम इंडिया लगातार 16 मैचों से अपराजेय है. उसको अगस्त, 2015 में गाले टेस्ट में हार मिली थी. इसके बाद से टीम इंडिया कोी टेस्ट नहीं हारी है. यह सिलसिला 20 अगस्त, 2015 को कोलंबो के प्रेमदासा स्टेडियम में हुए टेस्ट से शुरू हुआ था जो अब तक जारी है.

लगातार जीती 6 टेस्ट सीरीज
टीम इंडिया ने बांग्लादेश पर सीरीज जीत के साथ ही विराट की कप्तानी में लगातार 6 टेस्ट सीरीज जीत ली हैं. यह सिलसिला श्रीलंका के खिलाफ सीरीज जीत (2-1) से शुरू हुआ था. उसके बाद टीम इंडिया ने दक्षिण अफ्रीका (3-0), वेस्टइंडीज (2-0), न्यूजीलैंड (3-0) और फिर इंग्लैंड (4-0) को हराया.

घर में 4 साल, 20 मैच से नहीं हारी टीम इंडिया
टीम इंडिया घरेलू मैदान पर अंतिम बार साल 2012 में कोलकाता में खेले गए टेस्ट में इंग्लैंड से हारी थी. तब से अब तक उसने बांग्लादेश के खिलाफ हैदराबाद टेस्ट को मिलाकर भारतीय धरती पर 20 टेस्ट खेले हैं, जिनमें से 17 जीते और 3 ड्रॉ खेले हैं. इससे पहले वह जनवरी 1977 से 3 फरवरी, 1980 के बीच घरेलू मैदान पर 20 टेस्ट मैचों तक ही अजेय रही थी. उसने उस समय 6 टेस्ट जीते थे, जबकि 14 ड्रॉ खेले थे. उस समय टीम की कमान तीन कप्तान बिशन सिंह बेदी, सुनील गावस्कर और गुंडप्पा विश्वनाथ ने संभाली थी.

लंच से पहले : दो अहम विकेट झटके, 99 रन खर्च किए
पांचवें दिन सुबह ही बांग्लादेश को तब तगड़ा झटका लग गया, जब शाकिब अल हसन रविवार के स्कोर में महज एक रन और जोड़कर 22 रन पर विकेट खो बैठे. उन्हें रवींद्र जडेजा ने चेतेश्वर पुजारा के हाथों कैच कराया. इसके बाद महमुदुल्लाह ने पहली पारी के शतकवीर कप्तान मुशफिकुर रहीम के साथ 56 रन की साझेदारी की, लेकिन तभी आर अश्विन ने रहीम को 23 रन पर आउट कर दिया. उनको जडेजा ने लपका. लंच के समय तक बांग्लादेश ने 5 विकेट पर 202 रन बनाए. महमुदुल्लाह (58) और सब्बी रहमान (18) नाबाद रहे.

गौरतलब है कि टीम इंडिया के 687 रनों के जवाब में बांग्लादेश की टीम चौथे दिन पहली पारी में 388 रन पर ऑलआउट हो गई थी. इसके बाद टीम इंडिया ने अपनी दूसरी पारी चायकाल के समय 4 विकेट पर 159 रन बनाकर घोषित कर दी. इस प्रकार पहली पारी की 299 रन की बढ़त को मिलाकर उसने कुल 458 रन बनाए.

गावस्कर के रिकॉर्ड को छोड़ देंगे पीछे
इंग्लैंड के खिलाफ चेन्नई टेस्ट में जीत के साथ विराट कोहली ब्रिगेड ने 18 मैचों से अजेय रहते हुए कप्‍तान के तौर पर सुनील गावस्‍कर की टीम के रिकॉर्ड की बराबरी कर ली थी. वर्ल्ड लेवल पर लगातार मैचों में अजेय रहने की बात करें, तो वेस्टइंडीज टीम 27 टेस्ट मैच (17 जीत, 10 ड्रॉ) के साथ नंबर वन पर है. इसके बाद क्रमशः इंग्लैंड (26 टेस्ट- 9 जीत, 17 ड्रॉ) और ऑस्ट्रेलिया (25 टेस्ट- 20 जीत, 5 ड्रॉ) हैं. ऑस्ट्रेलिया ने यह कमाल दो बार किया, इसलिए सूची में वह तीसरे और चौथे दोनों नंबर पर है. दूसरी बार वह 22 टेस्ट मैचों (20 जीत, 2 ड्रॉ) तक अजेय रही थी. टीम इंडिया बांग्लादेश पर जीत दर्ज करके पांचवें नंबर पर पहुंच जाएगी, जिस पर अभी इंग्लैंड (18 टेस्ट- 10 जीत, 8 ड्रॉ) है.

इससे पहले टीम इंडिया ने मुंबई टेस्‍ट में जीत हासिल करते हुए महान हरफनमौला कपिलदेव के नेतृत्‍व वाली टीम के 17 मैचों में अजेय रहने के रिकॉर्ड की बराबरी की थी. विराट कोहली के नेतृत्व में टीम इंडिया लगातार 16 मैचों से अपराजेय है. उसको अगस्त, 2015 में गाले टेस्ट में हार मिली थी. इसके बाद से टीम इंडिया कोी टेस्ट नहीं हारी है. यह सिलसिला 20 अगस्त, 2015 को कोलंबो के प्रेमदासा स्टेडियम में हुए टेस्ट से शुरू हुआ था जो अब तक जारी है.

लगातार जीत चुके हैं 5 टेस्ट सीरीज
टीम इंडिया ने विराट की कप्तानी में लगातार 5 टेस्ट सीरीज जीती हैं. यदि वह बांग्लादेश को हरा देती है, तो यह लगातार छठी जीत होगी. यह सिलसिला श्रीलंका के खिलाफ सीरीज जीत (2-1) से शुरू हुआ था. उसके बाद टीम इंडिया ने दक्षिण अफ्रीका (3-0), वेस्टइंडीज (2-0), न्यूजीलैंड (3-0) और फिर इंग्लैंड (4-0) को हराया.

चौथे दिन का खेल : अश्विन ने बनाया वर्ल्ड रिकॉर्ड, टीम इंडिया ने रखा विशाल लक्ष्य
बांग्लादेश की टीम पहली पारी में 388 रन पर ऑलआउट हो गई थी. कप्तान मुशफिकुर रहीम ने 127 रनों की शानदार पारी खेली, लेकिन टीम को फॉलोऑन से नहीं बचा पाए. हालांकि विराट कोहली ने उनको फॉलोऑन नहीं खिलाया और बैटिंग का फैसला किया. टीम इंडिया ने दूसरी पारी में 4 विकेट पर 159 रन बनाए. चेतेश्वर पुजारा ने सबसे अधिक 54 रन ठोके. उन्होंने 57 गेंदों में फिफ्टी पूरी की. विराट कोहली ने 38 रन, अजिंक्य रहाणे ने 28 रन की पारी खेली. रवींद्र जडेजा (16) नाबाद रहे. शाकिब और तस्कीन अहमद ने दो-दो विकेट लिए. दिन का खेल खत्म होने तक बांग्लादेश ने 459 रनों के विशाल लक्ष्य का पीछा करते हुए 103 रन पर ही 3 विकेट खो दिए. महमुदुल्लाह (9) और शाकिब अल हसन (21) नाबाद हैं.

साल 2016 में आईसीसी की ओर से बेस्ट क्रिकेटर ऑफ द ईयर और टेस्ट क्रिकेटर ऑफ द ईयर का खिताब पाने वाले आर अश्विन को वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाने के लिए बांग्लादेश की पहली पारी में एक विकेट की जरूरत थी और उन्होंने मुशफिकुर रहीम को 127 रन पर आउट कर इसे हासिल कर लिया. अब वह सबसे तेजी से 250 विकेट लेने वाले पहले गेंदबाज बन गए हैं. तीसरे दिन उन्होंने शाकिब को अपना 249वां शिकार बनाया था. अश्विन के करियर का यह 45वां टेस्‍ट मैच है. सबसे कम मैचों में 250 टेस्‍ट विकेट लेने का रिकॉर्ड ऑस्‍ट्रेलिया के महान तेज गेंदबाज डेनिस लिली के नाम था. लिली ने 48 टेस्ट में यह कमाल किया था.

तीसरे दिन कुछ ऐसा रहा हाल
मुशफिकुर रहीम (81) और मेहदी हसन (51) के अलावा तीसरे दिन के खेल का आकर्षण शाकिब अल हसन रहे, जिन्होंने 82 रन बनाए. उन्होंने तेजी से बल्लेबाजी करते हुए 69 गेंदों में 10 चौकों के साथ अपनी 21वीं फिफ्टी बनाई. शाकिब और रहीम के बीच 107 रनों की साझेदारी हुई. शाकिब को अश्विन ने अपना 249वां शिकार बनाया. तमीम इकबाल ने 24 रन बनाए. तीसरे दिन टीम इंडिया की ओर से उमेश यादव ने दो विकेट, तो ईशांत शर्मा, आर अश्विन और रवींद्र जडेजा ने एक-एक विकेट लिया है, जबकि एक खिलाड़ी रनआउट हुआ.

दूसरे दिन के खेल का अपडेट
दूसरे दिन शुरुआत से ही सबकी नजरें विराट कोहली पर थीं. जैसी कि फैन्स को उम्मीद थी कप्तान विराट कोहली ने दोहरा जड़ा दिया. यह उनका लगातार 4 टेस्ट सीरीजों में चौथा दोहरा शतक रहा. उन्होंने 246 गेंदों में कुल 204 रन बनाए, जिसमें 24 चौके जड़े. टीम इंडिया ने चायकाल के बाद 6 विकेट पर 687 रन बनाकर पारी घोषित की. ऋद्धिमान साहा (106) और रवींद्र जडेजा (60) नाबाद लौटे. दोनों ही बल्लेबाजों को एक-एक जीवनदान मिला. साहा ने करियर का दूसरा शतक छक्के के साथ 153 गेंदों में पूरा किया.

पहले दिन के खेल का अपडेट
टॉस जीतने के बाद कप्तान विराट कोहली ने पहले बैटिंग का फैसला किया. मुरली विजय (Murali Vijay) ने टेस्ट करियर का नौवां शतक लगाया और 108 रन बनाए. चेतेश्वर पुजारा ने 12वीं टेस्ट फिफ्टी बनाई और 83 रन बनाकर आउट हुए. पुजारा-विजय के बीच 178 रन की साझेदारी हुई, जबकि कोहली ने रहाणे के साथ 122 रन की नाबाद साझेदारी की. इससे पहले कोहली ने विजय के साथ 54 रन जोड़े थे. उन्होंने 130 गेंदों में 10 चौकों के साथ करियर का 16वां शतक जड़ा. बांग्लादेश के गेंदबाजों को जब 2 रन पर ही पहली सफलता मिली थी, तो लगा था कि वह टीम इंडिया पर दबाव बनाने में सफल होंगे, लेकिन ऐसा नहीं हुआ. हालांकि उसकी खराब फील्डिंग का भी इसमें योगदान रहा. तस्कीन अहमद, मेहदी हसन मिराज और ताइजुल इस्लाम ने एक-एक विकेट लिए. टीम इंडिया ने दिन का खेल खत्म होने तक 3 विकेट पर 356 रन बनाए थे. विराट कोहली (111) और अजिंक्य रहाणे (45) नाबाद लौटे.