‘प्रधानमंत्री की धमकी से हम डरने वाले नहीं, कांग्रेस एक शेर पार्टी है’

कांग्रेस ने शनिवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की धमकी को ‘राजनीतिक अहंकार से भरी हुई’ बताया और कहा कि पार्टी उससे डरने वाली नहीं है.

उत्तराखंड में 15 फरवरी को होने वाले विधानसभा चुनावों के लिए पार्टी का प्रचार करने आए कांग्रेस प्रवक्ता अभिषेक मनु सिंघवी ने अस्थायी राजधानी देहरादून में एक संवाददाता सम्मेलन में कहा, ‘कांग्रेस एक शेर पार्टी है और इस तरह की गीदड़ भभकी से डरने वाली नहीं है. आंधियों को जिद है जहां बिजलियां गिराने की, मुझे भी जिद है वहीं आशियां बसाने की.’

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री की धमकी राजनीतिक अहंकार से भरी हुई है, लेकिन जन्मकुंडली यह भी बताती है कि बीजेपी का राजनीतिक काल आ चुका है.

सिंघवी ने कहा कि डोजियर की राजनीति तानाशाही वाले देशों जैसे स्टालिन रशिया या पूर्वी यूरोप में की जाती थी और प्रजातांत्रिक देशों में डोजियर का प्रयोग नहीं किया जाता.

प्रधानमंत्री मोदी ने शुक्रवार को हरिद्वार में एक चुनावी सभा को संबोधित करते हुए कांग्रेस के नेताओं को जुबान संभालने या उसके परिणाम भुगतने की चेतावनी देते हुए कहा था कि उनके पास सब के इतिहास और कुकर्मों की जन्मपत्री है.

सिंघवी ने मोदी सरकार पर लोकतांत्रिक संस्थाओं को कमजोर करने का भी आरोप लगाया और कहा कि वह उनसे पूछना चाहते हैं कि केंद्र लोकपाल का गठन क्यों नहीं कर रहा है.

कांग्रेस नेता ने कहा कि यूपीए सरकार ने साल 2013 में लोकपाल कानून पारित करा दिया था, लेकिन अब तक लोकपाल की नियुक्ति नहीं हो पायी है. इस संबंध में उन्होंने गुजरात का उदाहरण देते हुए कहा कि वहां भी नरेंद्र मोदी के मुख्यमंत्रित्व काल में 12 साल तक लोकायुक्त की नियुक्ति नहीं हो पायी थी.

सिंघवी ने आरोप लगाया कि सहारा समूह के कागजों में प्रधानमंत्री का नाम साफ तौर पर लिया गया है, लेकिन उन्होंने इस विषय पर चुप्पी साध रखी है और जांच नहीं करायी जा रही है.

नब्बे के दशक में हुए हवाला कांड का जिक्र करते हुए कांग्रेस प्रवक्ता ने कहा कि पीएम मोदी को बीजेपी के वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी से सीख लेनी चाहिए, जिन्होंने खुद पर लगे आरोपों के साफ होने तक किसी भी पद पर रहने से इंकार कर दिया था.