तीरथ रावत ने कांग्रेस के घोषणापत्र को बताया झूठ का पुलिंदा

उत्तराखंड में कांग्रेस के घोषणापत्र को झूठ का पुलिंदा बताते हुए बीजेपी ने दावा किया कि वह सत्ता में आने वाली है क्योंकि जनता काम करने वाली सरकार चुनने का मन बना चुकी है.

बीजेपी के नवनियुक्त राष्ट्रीय सचिव तीरथ सिंह रावत ने अस्थायी राजधानी देहरादून में संवाददाताओं से बातचीत में कहा, ‘कांग्रेस को पहले जनता को अपने पिछले घोषणापत्र में किए गए वादों का रिपोर्ट कार्ड देना चाहिए. कांग्रेस के पिछले घोषणापत्र में किए वादे अब भी पूरे नहीं हुए हैं. पिछली बार की तरह इस बार के घोषणापत्र में भी बेरोजगारी भत्ते का वादा किया गया है. पहले उन्हें यह स्पष्ट करना चाहिए कि पिछली बार के वादे पूरे करने में वह क्यों विफल रहे.’

कांग्रेस के घोषणापत्र को झूठ का पुलिंदा बताते हुए तीरथ रावत ने कहा कि अब वह इस तरह के वादे करके जनता को और गुमराह नहीं कर सकती क्योंकि वह पहले ही बीजेपी को सत्ता में लाने और अपने वादे पूरे न करने वाली भ्रष्ट सरकार से छुटकारा पाने का फैसला कर चुके हैं.

उन्होंने कहा कि सत्ता में आने के बाद बीजेपी पूर्व मुख्यमंत्री भुवन चंद्र खंडूरी के कार्यकाल में लाए गए लोकायुक्त को लागू करेगी और सभी घोटालों की जांच कराएगी.

तीरथ रावत ने आरोप लगाया कि कांग्रेस का पिछले पांच साल के कार्यकाल के दौरान शराब और खनन माफिया का राज रहा और केवल कड़े भ्रष्टाचार रोधी कानून से ही भ्रष्टाचार से लड़ा जा सकता है.

उत्तराखंड में स्वास्थ्य और शिक्षा की बदहाल स्थिति का जिक्र करते हुए रावत ने कहा कि दूरस्थ पहाड़ी क्षेत्रों में अस्पतालों में न तो डॉक्टर हैं और न ही स्कूलों में शिक्षक. उन्होंने कहा कि कुछ अस्पतालों में तो हालात इतने खराब हैं कि स्वीपर मरीजों को इंजेक्शन लगा रहे हैं.

पूर्व प्रदेश पार्टी अध्यक्ष ने इस संबंध में खंडूरी द्वारा अपने कार्यकाल में लायी गयी स्थानांतरण नीति का भी जिक्र किया जिसमें हर डॉक्टर और शिक्षक को रोटेशन के आधार पर पहाड़ों में अपनी सेवायें देना अनिवार्य किया गया था.

चौबट्टाखाल से अपनी जगह सतपाल महाराज को टिकट दिए जाने से नाराज चल रहे विधायक तीरथ सिंह को हाल ही में पार्टी का राष्ट्रीय सचिव बनाया गया है.