यहां बैकफुट पर आ गई है या फ्रेंडली मैच खेल रही है कांग्रेस?

उत्तराखंड के 16 साल के इतिहास में यहां भाजपा और कांग्रेस बारी-बारी से सत्ता सुख भोगते रहे हैं. इतने सालों की दुश्मनी शायद दोनों को करीब भी ले आयी है. शायद यही कारण है कि कई मौकों पर यह दोनों पार्टियां फ्रेंडली मैच खेलते नजर आते हैं. विधानसभा चुनाव में कांग्रेस का प्रचार गरमाने उत्तराखंड आ रहे पार्टी उपाध्यक्ष राहुल गांधी अस्थायी देहरादून में चुनावी सभा नहीं करेंगे. पार्टी दून में उनकी चुनावी सभा कराने से कतरा रही है.

इसकी एक वजह पूर्व में हुई पीएम नरेंद्र मोदी की रैली को माना जा रहा है, जिसमें बड़ी संख्या में भीड़ जुटी थी. पार्टी इस बात को लेकर आशंकित है कि राहुल की रैली में यदि उतनी भीड़ नहीं जुटी तो इसका सियासी नुकसान भी हो सकता है.

चुनाव प्रचार में पिछड़ रही कांग्रेस को ताकत देने के लिए पार्टी उपाध्यक्ष राहुल गांधी सात से 11 फरवरी तक उत्तराखंड में होंगे. हालांकि पार्टी का हर प्रत्याशी अपने चुनाव क्षेत्र में राहुल की सभा कराने का इच्छुक है, मगर यूपी के व्यस्त चुनावी दौरों से समय निकालकर उत्तराखंड आ रहे युवराज कुछ खास जगहों पर ही प्रचार करेंगे. कांग्रेस पार्टी उनके कार्यक्रम तैयार करने में जुटी है.

प्रदेश चुनाव प्रभारी कुमारी शैलजा के मुताबिक, सात फरवरी से राहुल गांधी का दौरा तय हो चुका है और अभी सोमेश्वर, रुद्रपुर और हरिद्वारा में उनके चुनाव प्रचार का कार्यक्रम बनाया जा रहा है.

मगर पार्टी उनके कार्यक्रम को अंतिम रूप दे सकती है. उधर, पार्टी की ओर से संकेत दिए गए हैं कि राहुल गांधी की देहरादून में चुनावी सभा नहीं कराई जाएगी. लंबे समय से देहरादून में राहुल की रैली का इंतजार हो रहा है.

कई बार पार्टी ने युवराज की रैली का कार्यक्रम बनाया और ऐन वक्त पर उसे बदलना पड़ गया. सियासी संकट के बाद राहुल की जनसभा हुई लेकिन अल्मोड़ा में.

कार्यकर्ता सम्मेलन के बहाने राहुल ऋषिकेश में एक सभा जरूर कर गए. लेकिन तब यही माना गया कि चुनाव प्रचार के दौरान राहुल की देहरादून में एक जनसभा तो होगी ही. मगर अब जो संकेत आर रहे हैं, उसके हिसाब देहरादून में राहुल की रैली के आसार नजर नहीं आ रहे हैं.

पीएम मोदी की चुनावी सभा को इसकी वजह बताया जा रहा है. दरअसल, मोदी अपनी जनसभा में भीड़ को लेकर इतनी लंबी लकीर खींच गए हैं, जिसे छोटा करने के लिए कांग्रेस को खासा पसीना बहाना पड़ सकता है.

कांग्रेस ने विधानसभा चुनाव के लिए स्टार प्रचारकों की सूची तो तैयार कर दी है, लेकिन कौन स्टार प्रचारक कहां प्रचार करेगा, ये कांग्रेस के प्रत्याशी तय करेंगे.

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष किशोर उपाध्याय के मुताबिक, पार्टी उम्मीदवारों से पूछा गया है कि चुनावी लाभ के हिसाब से उन्हें किस स्टार प्रचार की आवश्यकता है. पार्टी उनके क्षेत्रों में उन्हीं स्टार प्रचारकों को प्रचार के लिए भेजेगी.

राहुल गांधी कार्यकर्ता सम्मेलन में ऋषिकेश आ चुके हैं. अल्मोड़ा में भी उनकी रैली हो चुकी है. पार्टी की कोशिश उनकी अन्य जगहों पर रैली कराने की है. अभी उनके चुनावी दौरे की तिथियां तय हुई हैं, स्थान तय होने हैं. जल्द कार्यक्रम फाइनल हो जाएगा.