समाजवादी पार्टी में अखिलेश की बगावत, जारी की 235 उम्मीदवारों की लिस्ट

उत्तर प्रदेश में वर्ष 2017 में होने वाले सियासी संग्राम से पहले ही समाजवादी पार्टी दो धड़ों में बंटती नजर आ रही है. सुलह की कोई गुंजाइश न बचने के बाद मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने आखिरकार समाजवादी पार्टी मुखिया मुलायम सिंह यादव की सूची को नकारते हुए 235 प्रत्याशियों की सूची जारी कर दी.

अखिलेश की ओर से जो सूची जारी की गयी है उसमें 171 मौजूदा विधायकों को फिर टिकट दिया है, जबकि 64 उन सीटों के भी प्रत्याशी घोषित किए हैं, जहां पर 2012 में पार्टी हार गई थी. गुरुवार को पूरे दिन चले दांव-पेंच में पार्टी टूटने के कई बार संकेत निकले.

उल्लेखनीय है कि मुलायम सिंह यादव ने बुधवार को विधानसभा चुनाव के लिए 325 प्रत्याशी घोषित किए थे. इसमें तीन मंत्रियों और 46 विधायकों का टिकट काट दिया था. जिनका टिकट कटा, वे मुख्यमंत्री के समर्थक कहे जाते हैं.

इससे भड़के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने त्वरित कार्रवाई करते हुए प्रदेश अध्यक्ष शिवपाल यादव की करीबी सुरभि शुक्ला को आवास विकास व उनके पति डॉ. संदीप शुक्ला को निर्माण निगम के सलाहकार पद से बर्खास्त कर दिया. मुख्यमंत्री की ओर से टिकट बंटवारे पर आरपार की लड़ाई का संकेत मिला.

इससे पहले अखिलेश ने गुरुवार सुबह 11 बजे उन्होंने विधायकों को अपने सरकारी आवास पर बुलाया. उनसे फौरी चर्चा के बाद सपा अध्यक्ष मुलायम सिंह के विक्रमादित्य मार्ग स्थित आवास पहुंचे. यहां मुलायम, अखिलेश और शिवपाल यादव के बीच टिकट बंटवारे के मतभेदों पर दो घंटे चर्चा हुई, जिसमें मुख्यमंत्री ने मंत्रियों, विधायकों का टिकट काटे जाने पर आपत्ति जाहिर की.

सपा सूत्रों के मुताबिक, यहां भी मुख्यमंत्री ने कहा कि वह अपनी सूची जारी करेंगे. हालांकि मंत्री अरविंद गोप व रामगोविंद चौधरी को टिकट देने पर जोर दिया, जिस पर सहमति बनी मगर निर्णय नहीं हुआ. सपा अध्यक्ष के घर से निकले मुख्यमंत्री, पांच कालिदास मार्ग स्थित आवास परिसर में बने जनसुनवाई भवन में इंतजार कर रहे विधायकों के पास पहुंचे. टिकट कटने को लेकर उन्हें तसल्ली दी.

उनकी राय पूछी और कहा कि चुनावी तैयारी करें, सब को चुनाव लड़ाया जाएगा. वह अपनी सूची जारी करेंगे. बाहर निकले विधायकों ने भी कहा कि मुख्यमंत्री अपने प्रत्याशियों की सूची जारी करेंगे. वह अपने-अपने सिंबल पर चुनाव लड़ेंगे.