साइरस मिस्त्री ने टाटा ग्रुप की सभी कंपनियों से दिया इस्तीफा, ‘अब लड़ाई बड़े मंच पर’

पूर्व चेयरमैन साइरस मिस्त्री ने सोमवार को टाटा ग्रुप की सभी लिस्टेड कंपनियों के बोर्ड से इस्तीफा दे दिया है. टाटा संस की बैठक के बाद बड़ी घोषणा करते हुए मिस्त्री ने कहा कि वो बीते पांच दशक की विरासत को बचाने के लिए लड़ाई लड़ रहे थे, लेकिन अब वो अपनी लड़ाई को बड़े मंच पर ले जाएंगे.

हालांकि उन्होंने इस बड़े प्लेटफॉर्म का मतलब स्पष्ट नहीं किया. गौरतलब है कि मिस्त्री को 24 अक्टूबर को अचानक टाटा संस के चेयरमैन पद से हटा दिया गया था. इसके बाद उन्हें शेयरधारकों की ओर से वोटिंग के जरिए तमाम कंपनियों के बोर्ड से हटा दिया गया. इनमें टीसीएस जैसी दिग्गज कंपनी भी शामिल है.

शेयरधारकों से बात करते हुए मिस्त्री ने कहा कि यह समय है कि ईजीएम से एक बड़े मंच पर शिफ्ट किया जाए, हमारी लड़ाई एक ऐसे प्लेटफॉर्म पर होगी, जहां कानून का राज हो. उन्होंने कहा, ‘मैं समझता हूं कि जेआरडी की विरासत को संरक्षित करने के लिए मेरे प्रयास निष्कासन का असली कारण हैं. मैं कुछ समय तक टाटा संस में प्रशासनिक खामियों को दूर करने की कोशिश करता रहा.’

साइरस मिस्त्री की ओर से सभी लिस्टेड कंपनियों से इस्तीफा दिया जाना इसलिए अहम है, क्योंकि मंगलवार से टाटा ग्रुप की कई कंपनियों की बैठक शुरू होनी है. 19 से 23 दिसंबर तक चलने वाली इन तमाम कंपनियों की ईजीएम में टाटा ग्रुप की सूचीबद्ध चार कंपनियों के शेयरधारक उस रिजॉल्यूशन पर वोटिंग करेंगे, जिसमें साइरस मिस्त्री को बोर्ड डायरेक्टर पद से हटाने का प्रस्ताव है.

इन 4 कंपनियों में टाटा केमिकल्स, टाटा स्टील, टाटा मोटर्स और इंडियन होटल्स कंपनी लिमिटेड शामिल हैं. इन ईजीएम से पहले ही साइरस मिस्त्री ने सभी लिस्टेड कंपनियों से इस्तीफा देकर बड़े स्तर पर लड़ाई लड़ने का ऐलान किया है.