नाभा जेल से भागे कैदी करनाल और पानीपत में छिपे हैं : परमिंदर

नाभा जेल से कैदियों को भगाने की घटना के कथित सरगना परमिंदर ने दावा किया है कि इस घटना में आठ लोग शामिल थे और जेल से भागे पांच कैदी पनाहगाह की तलाश में करनाल और पानीपत में हैं.

कैदियों को जेल से भगाने की घटना के कुछ घंटों के भीतर ही शामली जिले से गिरफ्तार किए गए परमिंदर उर्फ पांडा ने पूछताछ के दौरान पुलिस को बताया कि वह उत्तराखंड की अस्थायी राजधानी देहरादून में किसी ठिकाने पर रह रहा था.

परमिंदर ने दावा किया कि उसके अलावा सात और लोग इस घटना में शामिल थे और वह व्हाट्सऐप के जरिए उनसे संपर्क में था. पुलिस अधीक्षक अजय शर्मा ने बताया कि पूछताछ के दौरान परमिंदर ने बताया कि वह उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश और पंजाब समेत अन्य राज्यों में मादक पदार्थों की तस्करी में भी संलिप्त था.

पुलिस ने बताया कि परमिंदर पंजाब के पुलिस इंस्पेक्टर गुरदेव की हत्या के मामले में आरोपी है और वह इस मामले में फरार था. उन्होंने बताया कि रविवार शाम वह अपने वाहन से देहरादून जा रहा था. इसी दौरान पश्चिमी उत्तर प्रदेश के शामली जिले के कैराना के निकट एक पुलिस जांच चौकी पर उसके वाहन को रोका गया.

आगे की जांच में यह बात निकलकर सामने आयी कि परमिंदर चोरी के मामलों में भी संलिप्त था. पुलिस ने उसके पास से दो एसएलआर, तीन अन्य राइफल, 544 कारतूस और मोबाइल फोन बरामद किया है.