डॉक्टर ने बिना जांच किया रेफर, महिला ने सड़क पर दिया बच्चे को जन्म

टिहरी जिले में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र कंडी में सुविधाओं के अभाव के साथ ही डॉक्टरों की बड़ी लापरवाही सामने आई है. यहां डॉक्टरों ने एक गर्भवती महिला को बिना जांच किए हायर सेंटर के लिए रेफर कर दिया और महिला को सड़क पर ही प्री-मेच्योर बच्चे को जन्म देना पड़ा. घटना बुधवार की है.

हैरान करने वाली बात यह है कि अस्पताल में अल्ट्रासाउंड की सुविधा नहीं होने से डॉक्टर ने दर्द से कराह रही महिला को जिला अस्पताल नई टिहरी रेफर कर दिया था, जोकि कंडी से करीब 73 किलोमीटर दूर है. जच्चा-बच्चा दोनों की हालत ठीक बताई जा रही है. सीएमओ ने इस मामले में जांच के आदेश दे दिए हैं.

दरअसल रमोलसारी की रेखा देवी को प्रसव पीड़ा होने पर परिजनों ने एंबुलेंस सेवा 108 को फोन किया. वहां से बताया गया कि वाहन मरम्मत के लिए भेजा गया है.

महिला की हालत ज्यादा खराब होने पर उसे आपातकालीन स्थिति में निजी वाहन से पीएचसी कंडी पहुंचाया गया. ड्यूटी पर तैनात डॉक्टरों ने अस्पताल में अल्ट्रासाउंड की व्यवस्था नहीं होने पर उसे जिला अस्पताल नई टिहरी रेफर कर दिया.

दर्द से कराह रही गर्भवती को लेकर परिजन अस्पताल से करीब 200 मीटर आगे ही पहुंचे थे कि महिला ने रास्ते में ही बच्चे को जन्म दे दिया. इसके बाद परिजन जच्चा-बच्चा को लेकर अपने घर चले गए.

रेखा का यह तीसरा बच्चा है, इससे पहले उनका पांच साल का बेटा और तीन साल की बेटी है. रेखा का पति गोबिंद सिंह दिहाड़ी मजदूर है. घटना के समय गोबिंद सिंह की चाची और गांव की ही कुछ महिलाएं साथ में थीं. अस्पताल में कोई सुविधा न होने पर लोगों ने खासी नाराजगी जताते हुए सुधार करने की मांग की है.

प्रभारी चिकित्साधिकारी डॉ. धर्मेंद्र उनियाल ने कहा कि महिला सात माह की गर्भवती थी, अस्पताल में अल्ट्रासाउंड की सुविधा नहीं होने से उसे जिला अस्पताल भेजा गया.

सीएमओ टिहरी डॉ. अर्जुन सिंह सेंगर का कहना है कि प्रसूता की जांच क्यों नहीं की गई, प्रभारी डॉक्टर से इसका जबाव मांगा गया है. जच्चा-बच्चा की स्थिति जानने के लिए डॉक्टर को गांव जाने का निर्देश दिया गया है. रेडियोलॉजिस्ट की कमी के कारण अल्ट्रासाउंड जिला अस्पताल के अलावा किसी अस्पताल में नहीं है.