हाईकोर्ट ने उत्तराखंड में व्हाइटनर की बिक्री पर लगाया प्रतिबंध, नाबालिग को आयोडेक्स व फेविक्विक भी नहीं मिलेगा

नशे के लिए व्हाइटनर को ज्यादा सूंघने से भोवाली में एक किशोर की मृत्यु के बाद नैनीताल स्थित उत्तराखंड हाईकोर्ट ने मंगलवार को राज्य में उसकी बिक्री पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगा दिया.

रविवार को जिला मुख्यालय नैनीताल से करीब 10 किलोमीटर दूर भोवाली में व्हाइटनर को ज्यादा सूंघने से हुई 14 साल के एक लड़के की मौत की खबरों पर स्वत: संज्ञान लेते हुए हाईकोर्ट के न्यायाधीश राजीव शर्मा ने राज्य सरकार को राज्य में इसकी बिक्री पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगाने के निर्देश दिए.

इसके अलावा, हाईकोर्ट ने यह भी आदेश दिया कि किशोरवय के बच्चों में नशे के लिए खुशबूदार सामानों को सूंघने की लत के मद्देनजर 18 साल से उम्र से कम बच्चों को आयोडेक्स तथा फेविक्विक जैसे सामान भी न बेचे जाएं.

न्यायमूर्ति शर्मा ने राज्य सरकार को यह भी सुनिश्चित करने का आदेश दिया कि कोई नाबालिग हुक्का क्लबों में भी प्रवेश न कर सके. इस महीने के शुरू में एक कथित नशे के सौदागर की जमानत अर्जी को अस्वीकार करते हुए न्यायमूर्ति शर्मा ने राज्य के प्रमुख सचिव को राज्य में नशे की बढ़ती घटनाओं को काबू में करने के लिए एक विशेष कार्यबल गठित करने के निर्देश दिए थे.