उत्तर प्रदेश बिना कांग्रेस के बेहाल है, कांग्रेस होती तो ये हाल न होता : हरीश रावत

उत्तराखंड के मुख्यमंत्री हरीश रावत उत्तराखंड में अपनी ही पार्टी में पीडीएफ को लेकर मच रहे बवाल से पार नहीं पा रहे, लेकिन उत्तर प्रदेश की अखिलेश सरकार पर हमला करते दिख रहे हैं. उन्होंने कहा, उत्तर प्रदेश में अगर कांग्रेस सरकार होती तो हालात इतने खराब नहीं होते. जिस तरह से अहरो-शीशगढ़ रोड को सरकार ने नहीं बनाया, मजबूर होकर कांग्रेस विधायक के नेतृत्व में गांव वाले कारसेवा करके बना रहे हैं, यह बड़ी बात है. उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार की विकास में विफलता के कारण ही मौजूदा वक्त में समाजवादी पार्टी में संकट में रूप में उभरा है.

बिलासपुर क्षेत्र के अहरो-शीशगढ़ मार्ग पर पिछले 19 दिनों से चल रही कारसेवा में शामिल होने के लिए रविवार को रुद्रपुर से हेलीकॉप्टर से पहुंचे उत्तराखंड के मुख्यमंत्री हरीश रावत ने बेल्चा से कोलतार मिली बजरी को सड़क पर डालकर कारसेवा करने वालों का हौसला बढ़ाया. इस बीच उन्होंने अपने संक्षिप्त संबोधन में कहा कि उत्तर प्रदेश बिना कांग्रेस के बेहाल है.

इस बीच जितनी सरकारें आईं किसी ने विकास नहीं कराया. उत्तर प्रदेश में सपा की सरकार है और नतीजा आप लोग देख ही रहे हैं, कांग्रेस विधायक को गांव वालों के सहयोग से कारसेवा करके सड़क बनानी पड़ रही है. उत्तर प्रदेश विकास में कितना पिछड़ गया है. कभी देश का सबसे विकसित राज्य था यह.

उत्तर प्रदेश में अगर कांग्रेस सरकार होती तो आज ऐसे हालात नहीं होते. उन्होंने कांग्रेस विधायक संजय कपूर और ग्रामीणों की इतनी लंबी सड़क खुद कारसेवा कर बनाने पर तारीफ की.

बिलासपुर में उत्तराखंड के मुख्यमंत्री हरीश रावत ने 22 किलोमीटर लंबे मार्ग को कारसेवा से बनाने के विधायक संजय कपूर और गांव वालों के निर्णय पर आश्चर्य जताया और कहा कि आज तो समय बहुत कम है, जल्द ही वह समय निकालकर आधा दिन यहां रहकर कारसेवा करेंगे.

कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष राजबब्बर को भी उत्तराखंड के मुख्यमंत्री हरीश रावत के साथ आना था, लेकिन उनके परिवार में किसी का स्वास्थ्य खराब होने की वजह से उनका कार्यक्रम स्थगित हो गया. हालांकि प्रदेश अध्यक्ष राजबब्बर के आने के कारण तमाम ऐसे लोग निराश हुए, जिन्हें आगामी विधानसभा चुनाव में टिकट की आस थी.

उत्तर प्रदेश में चल रहे समाजवादी पार्टी के पारिवारिक झगड़े पर हरीश रावत ने कहा कि सपा का यह निजी मामला है, इसी की वजह से उथल-पुथल है. उन्होंने इसे अहम की लड़ाई बताया. उत्तराखंड के मुख्यमंत्री ने कहा कि इस मामले पर कुछ नहीं कहा जा सकता है. उत्तर प्रदेश के हालात ऐसे हैं, जहां अब कांग्रेस की मजबूत सरकार की जरूरत है. आगामी विधानसभा चुनाव में यह जरूरत पूरी हो जाएगी.