ITBP ने माणा पास सहित चीन सीमा पर कई जगह महिला कर्मियों को तैनात किया

दुर्गम चीन-भारत सीमाक्षेत्र में 15 सीमा चौकियों पर आईटीबीपी की कम से कम 100 महिला कर्मियों को तैनात किया गया है, जो किसी अग्रिम इलाके में महिला सुरक्षाकर्मियों की पहली ऐसी तैनाती है. इनमें उत्तराखंड की अंतरराष्ट्रीय सीमा भी शामिल है.

आईटीबीपी महानिदेशक कृष्णा चौधरी ने ग्रेटर नोएडा में संवाददाताओं से कहा कि बल ने चुनिंदा अग्रिम चौकियों पर महिला कर्मियों की तैनाती के लिए पूरी प्रक्रिया को हाल ही में पूरा किया.

उन्होंने कहा कि बॉर्डर आउट पोस्ट्स (बीओपीज) को लैंगिक रूप से समान बनाने और महिलाओं के लिए अन्य सुविधाएं सृजित करने के बाद युद्ध कौशल और हथियार संचालन में प्रशिक्षित महिला टुकड़ी को तैनात किया गया है.

अधिकारियों के मुताबिक इनमें से अधिकतर महिलाओं को जम्मू-कश्मीर के लद्दाख फ्रंटियर में भारत-तिब्बत सीमा पुलिस सीमा चौकियों में भेजा गया है, वहीं कुछ को उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, सिक्किम और अरुणाचल प्रदेश के अन्य स्थानों पर तैनात किया गया है.

उन्होंने कहा कि सीमा चौकियों में तैनात कुल महिला कर्मियों की संख्या करीब 100 है और आने वाले दिनों में कुछ और चौकियों पर महिलाओं को भेजा जाएगा.

आईटीबीपी ने भारत-चीन सीमा पर तैनाती के लिए इस साल की शुरुआत में 500 महिलाओं की भर्ती की थी. उन्हें 44 हफ्ते तक युद्धकौशल और पर्वतों पर टिके रहने के प्रशिक्षण के बाद शामिल किया गया था.

इन महिला कर्मियों को ‘माणा पास’ सहित 8000 से 14000 फुट के बीच की ऊंचाई पर स्थित क्षेत्रों में तैनात किया गया है. माणा पास उत्तराखंड में भारत की तरफ का अंतिम गांव है. आईटीबीपी में विभिन्न स्तर पर कुल 1661 महिला कर्मी हैं.