मुलायम परिवार में चल रही कलह का सीधा फायदा कांग्रेस को : शीला दीक्षित

उत्तर प्रदेश में कांग्रेस की मुख्यमंत्री पद की उम्मीदवार शीला दीक्षित ने रविवार को कहा कि मुलायम सिंह यादव के परिवार में बढ़ती कलह के कारण सत्तारूढ़ समाजवादी पार्टी को राज्य में अगले साल होने वाले चुनाव में बहुत अधिक खामियाजा भुगतना पड़ेगा. उन्होंने कहा, उसके कई वरिष्ठ नेता कांग्रेस में शामिल होने के लिए पार्टी के संपर्क में हैं.

तीन बार दिल्ली की मुख्यमंत्री रहीं शीला दीक्षित ने कहा कि सपा में दरार से कांग्रेस को फायदा होगा, क्योंकि जो लोग उस पार्टी के घटनाक्रम से खुश नहीं है, उनके सामने कांग्रेस के अलावा कोई अन्य विकल्प नहीं है. राजनीतिक रूप से अहम उत्तर प्रदेश में होने वाले विधानसभा चुनाव में कांग्रेस के प्रभावी प्रदर्शन को लेकर आश्वस्त शीला ने कहा कि सपा के कुछ विधायक और मध्य स्तर के नेता कांग्रेस के संपर्क में हैं.

उन्होंने एक इंटरव्यू में कहा, ‘बहुत ऐसे लोग हैं जो कांग्रेस में आना चाहते हैं क्योंकि वे बीजेपी या बीएसपी में नहीं जा सकते.’ जब उनसे पूछा गया कि क्या समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता भी कांग्रेस के संपर्क में हैं, तो इसके जवाब में उन्होंने कहा कि वरिष्ठ के साथ-साथ मध्य स्तर और स्थानीय नेता भी इसमें शामिल हैं.

उन्होंने कहा, ‘जो लोग समाजवादी पार्टी की बन रही छवि से निराश हैं वे निश्चित तौर पर विकल्प की तलाश में हैं और कांग्रेस ही एकमात्र विकल्प है.’ शीला ने साथ ही दावा किया कि सपा के कई विधायक कांग्रेस के संपर्क में आने की कोशिश कर रहे हैं.

उन्होंने कहा, ‘उनमें से कई पहले से ही संपर्क में है. सार्वजनिक तौर वे अभी ऐसा नहीं कर रहे हैं.’ समाजवादी पार्टी प्रमुख मुलायम सिंह यादव के भाई शिवपाल यादव और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के बीच मतभेद के कारण सपा में मनमुटाव बढ़ा है. इन सबके बीच मुलायम ने शुक्रवार को कहा कि साल 2017 के चुनाव के बाद अगर सपा फिर से सरकार बनाने की स्थिति में होगी, वैसे में ही मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार की घोषणा की जाएगी.

यह घोषणा अखिलेश के लिए झटका माना जा रहा है, जिन्हें हाल ही में सपा के राज्य प्रमुख के पद से हटा दिया गया था. इस बारे में पूछे जाने पर शीला ने कहा, ‘बिल्कुल (सपा में कलह) मदद मिलेगी. यह उनके लिए हानिकारक होगा, क्योंकि वह पार्टी सत्ता में है. घोटालों और मतभेद से उनको मदद नहीं मिलेगी.’

चुनाव को लेकर कांग्रेस की तैयारियों के बारे में पूछे जाने पर वरिष्ठ कांग्रेस नेता ने कहा कि राज्यभर में पार्टी में बड़ा बदलाव आया है और इससे लोगों की उम्मीदें बहुत अधिक बढ़ गई हैं. जब उनसे पूछा गया कि क्या उन्हें ब्राह्मण होने के कारण मुख्यमंत्री पद का उम्मीदवार चुना गया तो शीला ने कहा कि यह एक कारण हो सकता है, लेकिन असली कारण दिल्ली में मेरा प्रदर्शन है.