हरिद्वार पर खास ध्यान दे रहे हैं मुख्यमंत्री हरीश रावत, कारण… यहां है…

आगामी विधानसभा चुनावों को देखते हुए वैसे तो मुख्यमंत्री हरीश रावत राज्य के तमाम जिलों का तूफानी दौरा कर रहे हैं, लेकिन, हरिद्वार जिले पर मुख्यमंत्री का फोकस कुछ ज्यादा ही है. पिछले दो महीने के दौरान मुख्यमंत्री ने अगर सबसे अधिक किसी जिले का दौरा किया है तो वह हरिद्वार ही है.

अमूमन हर सप्ताह मुख्यमंत्री दो बार हरिद्वार जा रहे हैं. राजनीतिक जानकार मानते हैं कि हरदा का हरिद्वार पर अधिक फोकस है, क्योंकि पिछली बार साल 2012 के विधानसभा चुनाव में बीजेपी ने यहां सात सीटे हासिल की थीं.

जिसे ध्यान में रखते हुए सीएम हरिद्वार में ज्यादा मेहनत कर रहे हैं. हाल ही में पूर्व कैबिनेट मंत्री दिवंगत सुरेंद्र राकेश के भाई भी हाल ही में बीजेपी का दामन थाम चुके हैं. ऐसे में भगवानपुर की सीट को बचाए रखना कांग्रेस के लिए बड़ी चुनौती मानी जा रही है.

मौजूदा समय में यहां से सुरेंद्र राकेश की पत्नी ममता राकेश कांग्रेस की विधायक हैं. बीएसपी की भी इस सीट पर अच्छी पैठ मानी जाती है, लिहाजा मुख्यमंत्री की चिंता सही भी मानी जा सकती है. इसके साथ ही रुड़की, खानपुर, हरिद्वार की अन्य ग्रामीण सीटों पर भी कांग्रेस को काफी मशक्कत करनी पड़ेगी.

मुख्यमंत्री अपनी बेटी अनुपमा रावत के लिए भी संभवत: हरिद्वार ग्रामीण सीट पर राह आसान करना चाहते हैं. इसीलिए सीएम के दौरों में अधिकतर तवज्जो हरिद्वार को मिल रही है. माना जा रहा है, अगर कांग्रेस हरिद्वार में बढ़त बना लेती है तो साल 2017 की राह पार्टी के लिए आसान बन सकती है. माना जा रहा है कि सीएम रावत हरिद्वार के अभी कई और दौरे करके जनता की नब्ज को भांपने की कोशिश करेंगे.