चुनाव आयोग ने एक लाख 27 हजार से ज्यादा मतदाताओं के नाम काटे, कहीं आपका भी नाम तो नहीं कटा?

निर्वाचन आयोग ने उत्तराखंड में एक लाख 27 हजार से ज्यादा मतदाताओं को सूची से बाहर कर दिया है. आयोग की ओर से जिलावार संचालित मतदाता सूची शुद्धीकरण अभियान के दौरान ऐसे मतदाताओं को चिन्हित किया गया, जिनकी या तो मौत हो चुकी हैं या फिर मतदाता का एक से अधिक जगह पंजीकरण था.

ऐसे मतदाता भी चिन्हित किए गए, जिन्होंने फर्जी तरीके से मतदाता पहचान पत्र बनवा लिया था. मुख्य निर्वाचन अधिकारी राधा रतूड़ी ने बताया कि एक अक्टूबर से नए मतदाताओं को सूची में शामिल करने की तैयारी है. ऐसे सभी युवाओं को मतदाता सूची में शामिल किया जाएगा जो एक जनवरी 2017 को 18 साल की उम्र पूरी कर चुके होंगे.

कोई भी युवा मतदाता बनने से वंचित न रह जाए, इसके लिए जिला निर्वाचन अधिकारियों को आवश्यक दिशा निर्देश जारी कर दिए गए हैं. बीएलओ को निर्देश दिए गए हैं कि वे घर-घर जाकर ऐसे युवाओं को चिन्हित करें जिनकी उम्र 18 साल हो चुकी है. 10 जनवरी को मतदाता सूची का अंतिम प्रकाशन किया जाएगा.

समूचे उत्तराखंड में मतदाता सुविधा केंद्र बनाए जा रहे हैं. जहां तक मतदाता सूची में शामिल होने के लिए प्रारूपों को जमा कराने का सवाल है तो इसे किसी भी निकटवर्ती सरकारी राशन की दुकान और आंगनबाडी केंद्र पर जमा करने की सुविधा दी गई है.

गौरतलब है कि बीजेपी के राष्ट्रीय प्रवक्ता अनिल बलूनी ने बीते दिनों फर्जी मतदान को लेकर सरकार पर आरोप लगाए थे. जिसको लेकर निर्वाचन अधिकारियों ने जांच कर ऐसे मतदाताओं को बाहर करने की बात कही थी.