हरिद्वार : हालात से हारा परिवार, बीमार बच्ची की पीएम मोदी से गुहार – ‘मेरा इलाज करा दो…’

उत्तराखंड के मुख्यमंत्री हरीश रावत विकास कार्यों और प्रदेश की जनता को मिल रही सुख सुविधाओं को लेकर चाहे जितना मर्जी दम भरें, लेकिन इस हकीकत को राज्य का स्वास्थ्य विभाग पलीता लगाता दिख रहा रहा है.

हालात यह है कि दर-दर की ठोकर खा चुका हरिद्वार का एक परिवार आत्मदाह की चेतावनी दे रहा है. लेकिन क्या सिस्टम और क्या सरकार, क्या विधायक, क्या अधिकारी सब हाथ पर हाथ धरे बैठे हैं.

दरअसल, हरिद्वार के बाजारों में जलेबी बेचकर अपने परिवार का पालन-पोषण करने वाले रामपाल ने कभी सोचा भी नहीं होगा कि वह अचानक इतनी बड़ी समस्या से घिर जाएगा कि रास्ता न निकलने पर मौत को गले लगाने से भी न हिचकेगा.

पिछले करीब डेढ़ साल से किडनी की बीमारी से जूझ रही बेटी मोनिका के इलाज ने रामपाल और उनके परिवार को इस हद तोड़ दिया है कि अब उनकी जीने की चाह भी खत्म हो गई है.

बीमार बच्ची का कहना है कि वह बड़ी होकर एक शिक्षक बनना चाहती थी, लेकिन बीमारी के कारण उसके परिवार का काफी पैसा खर्च चुका है. अब बच्ची को प्रधानमंत्री मोदी से उम्मीद है. उसका कहना है कि मोदी जी, जो सबका इलाज करवाते हैं वह मेरा इलाज करा दें.

परिवार के लोगों ने सरकार से गुहार लगाई है कि उनकी बच्ची का इलाज करा दें. वहीं, पिता का कहना है कि अगर उसकी बच्ची का इलाज नहीं हो पाता तो वह आत्महत्या करने पर मजबूर हो जाएंगे.

बीमार बच्ची के पिता ने रोते हुए पत्रकारों को बताया कि जो मेरे काम नहीं आए, मैं उन्हें क्यों वोट दूं? पिता रामपाल का कहना है कि वह चाहते हैं कि उनकी बेटी जल्द से जल्द ठीक हो जाए.